बस्ती में सड़क निर्माण फर्जीवाड़ा: एक काम पर दो बार भुगतान, हाईकोर्ट के बाद मजिस्ट्रीयल जांच

 बहादुरपुर ब्लाक क्षेत्र के माड़न गांव में सड़क निर्माण के नाम पर दो बार भुगतान ले लिया गया है। पहली जांच में लीपापोती कर दी गई। जब इलाहाबाद हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर हुई तो आनन-फानन में दूसरी जांच टीम ने एक कार्य में दो भुगतान की पुष्टि कर दी। इस मामले में जिला मजिस्ट्रेट कृत्तिका ज्योत्सना ने मजिस्ट्रीयल जांच टीम गठित करते हुए जांच के आदेश दिए हैं। यह जांच रिपोर्ट न्यायालय में प्रेषित होनी है।

विधायक निधि से यूपी सिडको ने माड़न गांव में 19 अप्रैल 2024 में 550 मीटर खड़ंजा व इंटरलाकिंग का कार्य करीब आठ लाख में कराया है, जिस पर ग्राम पंचायत ने भी नाम बदलकर भुगतान ले लिया है। इन दोनों विवाद के बीच जिला पंचायत ने सड़क को डामर से पेंट करा दिया है।

गांव के लालचंद व जय प्रकाश सिंह ने इसकी शिकायत मंडलायुक्त से की तो उन्होंने संयुक्त विकास आयुक्त को टीएसी टीम का गठन कर जांच के निर्देश दिए। मंडलीय प्राविधिक परीक्षण टीम यानी टीएसी ने एक ही कार्य पर दो निधियों से भुगतान के बजाय गुणवत्ता की जांच कर इसमें लीपापोती कर दिया। अपनी आख्या में 55 हजार 170 रुपये की वसूली रिपोर्ट तैयार कर संयुक्त विकास आयुक्त निर्मल कुमार द्विवेदी को सौंप दी। फाइल फिर दबी रह गई।

शिकायतकर्ता इस बात से असंतुष्ट रहा और उसने आयुक्त से दोबारा शिकायत कर सही जांच की मांग की। आयुक्त ने दोबारा अधीक्षण अभियंता राप्तीनगर निर्माण मंडल द्वितीय एवं अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड को जांच के लिए आदेशित किया।

एक सप्ताह में जांच आख्या मांगी गई, लेकिन यह जांच न हो पाने पर शिकायतकर्ता ने उच्च न्यायालय इलाहाबाद में जनहित याचिका दायर कर दी, जिस पर न्यायालय ने आयुक्त बस्ती, जिलाधिकारी सहित सात लोगों को नोटिस जारी कर दिया।

इसके बाद पूर्व में गठित दो सदस्यीय टीम ने अपनी जांच आख्या प्रस्तुत किया, जिसने रिपोर्ट में बताया कि यूपी सिडको बस्ती द्वारा पगार संपर्क मार्ग से पूरा सरहद तक मिट्टी से खड़ंजा निर्माण के नाम पर 19 अप्रैल 2024 को विधायक निधि से कार्य कराया गया है। उसी का नाम बदलकर ग्राम प्रधान व सेक्रेटरी व ब्लाक के तकनीकी सहायक ने पगार संपर्क मार्ग से राम कृपाल के घर तक खडंजा निर्माण कार्य दिखाकर आठ लाख 15 हजार 190 रुपये का भुगतान कराया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *