अकबरपुर के संगसियापुर गांव से कथा कहकर मंगलवार रात जा रहे बौद्ध कथा वाचक मिलन बौद्ध को रास्ते में कुछ लोगों ने पीट दिया, बचाव में दो साथियों संग भी मारपीट की गई।
आरोप है कि कथास्थल पर रखी आंबेडकर प्रतिमा को तोड़ दिया गया। गांव के ही कुछ युवकों पर आरोप लोग लगा रहे और कार्रवाई की मांग की है। वहीं दूसरे पक्ष का कहना है कि कथास्थल पर जब अधिक संख्या में लोग रहते हैं तो प्रतिमा कैसे कोई तोड़ सकता है, फंसाने को यह किया गया है। गांव में तनाव की स्थिति है।
संगसियापुर गांव में कई दिन से बौद्ध कथा चल रही थी। मंगलवार रात करीब 11 बजे कथा करके जा रहे कथा वाचक मिलन बौद्ध को गांव के बाहर कुछ लोगों ने पीट दिया, बचाने में उनके दो साथियों से भी हाथापाई कर दी गई। बुधवार सुबह कथास्थल के पास आंबेडकर प्रतिमा क्षतिग्रस्त मिली, दलित समाज के लोगों का कहना था कि दूसरे पक्ष के लोगों ने देररात इसे तोड़ा है और उन्हीं लोगों ने हमला भी कथावाचक पर किया है।
आरोपितों पर कार्रवाई की मांग की जा रही। वहीं दूसरे पक्ष का कहना है कि देवी देवताओं को लेकर कथा में अभद्र टिप्पणी की जाती है, इसे लेकर दूसरे पक्ष को समझाया गया था, हमला किसने किया और कथास्थल पर लोग मौजूद रहते हैं ऐसे में आंबेडकर प्रतिमा तोड़ने का आरोप गलत लगाया जा रहा है, फंसाने को यह किया जा रहा।
बुधवार सुबह अकबरपुर थाने की पुलिस पहुंची और समझाकर सभी को शांत कराया है। सीओ अकबरपुर संजय सिंह ने बताया कि जांच की जा रही है, प्रतिमा नई मंगवाई है।


