बनारस रेलवे स्टेशन से शनिवार काे काशी काे कई सौगात मिली। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने सीएम योगी आदित्यनाथ के साथ वंदे भारत स्लीपर ही नहीं लोकल यात्रियों के लिए राजातालाब के लिए दो तथा प्रयागराज के लिए आठ नई मेमो ट्रेनें शुरू की। इन ट्रेनों की विशेषता भी बताई गई और छात्रों से संवाद कर रेल मंत्री ने उनके अनुभव जाने।
वाराणसी से राजातालाब के लिए ट्रेन दिन में कई फेरे लगाएगी। वाराणसी सिटी से सुबह 5:15 बजे, 7:45 बजे, 9:10 बजे व शाम चार बजे प्रस्थान करेगी। वापसी में राजातालाब से सुबह 6.55 बजे, 10.50 बजे, एक बजे, शाम 5.25 बजे चलेगी।
प्रयाग फास्ट मेमो ट्रेन का समय
बनारस से सुबह सात बजे चलकर 9.50 बजे प्रयाग पहुंचेगी। राजातालाब, माधोसिंह, ज्ञानपुर रोड, हंडिया खास और झूसी स्टेशन पर रुकेगी। वापसी में रामबाग से शाम 6 बजे प्रस्थान कर रात 8.30 बजे बनारस पहुंचेगी। दूसरी मेमो औड़िहार से सुबह 4.15 बजे प्रस्थान करके 5.10 बजे कैंट आएगी। यहां से प्रयागराज जाएगी। वापसी में प्रयागराज से शाम 6.50 बजे प्रस्थान कर 9.35 बजे कैंट आएगी।
रेल मंत्री ने कर्मचारियों के साथ कैंटीन में किया भोजन
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) का दौरा किया। स्वागती हाल में भारत रत्न लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के चित्र पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित किया। वह सीधे बरेका कर्मचारी कैंटीन पहुंचे। कर्मचारियों के साथ बैठकर दोपहर का भोजन किया। रेल मंत्री को अपने बीच बैठकर भोजन करते देख कर्मचारियों में उत्साह और खुशी का माहौल रहा। कर्मचारियों ने इसे गौरवपूर्ण और अविस्मरणीय अनुभव बताया। रेल मंत्री ने बरेका के विभिन्न कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों से मुलाकात किया। महिला कर्मचारियों से भी संवाद किया। सुरक्षित वातावरण, बेहतर सुविधाओं और रेलवे में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी पर चर्चा की। यहां अध्यक्ष रेलवे बोर्ड एवं सीईओ सतीश कुमार, महाप्रबंधक बरेका आशुतोष पंत भी मौजूद रहे।
महिला एएलपी श्रीनी श्रीवास्तव ने दौड़ाई वंदे भारत
वंदे भारत स्लीपर को महिला सहायक लोको पायलट श्रीनी श्रीवास्तव ने दौड़ाया। गाजीपुर की रहने वाली श्रीनी वर्ष 2017 से पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल में तैनात हैं। उनके साथ लोको पायलट हरिशंकर यादव भी रहे। अतिरिक्त लोको पायलट छोटे लाल पाल एवं सहायक लोको पायलट शिवधनी भी थे। ट्रेन मैनेजर ज्योति कुमारी और शैलेश राय भी ट्रेन के साथ दिल्ली गए।
- विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस हैं 16 वातानुकूलित कोच
- 11 कोच थर्ड एसी, 4 कोच सेकंड एसी और 1 कोच फर्स्ट एसी
- ट्रेन में एक साथ कुल 823 यात्री सफर का आनंद उठा सकेंगे।
- बेहतर कुशन वाली आरामदायक बर्थ और आधुनिक सस्पेंशन प्रणाली लगी है।
- 180 किमी प्रति घंटे की डिजाइन गति, स्वदेशी ””कवच”” तकनीक का इस्तेमाल भी है।
- ट्रेन के प्रवेश द्वार स्वचालित, कोचों के बीच सुरक्षित आवागमन के लिए सीलबंद वेस्टिब्यूल।
- आधुनिक फायर डिटेक्शन सिस्टम और हर कोच में सीसीटीवी कैमरे
- आपात स्थिति में स्टाफ या लोको पायलट से संवाद स्थापित करने की सुविधा।
- वाराणसी और नई दिल्ली के बीच लगभग 760 किलोमीटर की दूरी तय करेगी।
- प्रयागराज, कानपुर सेंट्रल, अलीगढ़ और गाजियाबाद स्टेशनों पर ठहराव।
- वाराणसी जंक्शन से प्रतिदिन रात्रि 20:50 बजे चलकर सुबह 06:10 बजे नई दिल्ली पहुंचेगी।
- वापसी में नई दिल्ली से रात्रि 9:40 बजे चलकर सुबह 07:10 बजे वाराणसी जंक्शन पहुंचेगी।
मुख्यमंत्री के मन को भायी बच्ची वैष्णवी की पेंटिंग
बनारस स्टेशन पर वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस के उद्घाटन से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने ए-3 (सेकेंड एसी) बोगी में सवार छात्र और छात्राओं से संवाद किया। उन्हें चाकलेट भेंट किया। केंद्रीय विद्यालय में 10वीं की छात्रा वैष्णवी ने आत्मनिर्भर भारत पर आधारित अपनी पेंटिंग भेंट किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने छात्रा की इस कलाकृति की प्रशंसा की। उसे अपने साथ ले गए।
- वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस में सफर करने के लिए मन काफी रोमांचित है। ये काफी यादगार होने वाला है। – अदिति
- मुख्यमंत्री से मिलकर अच्छा लगा। उन्होंने मन लगाकर पढ़ने और आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। – अमृता
- हमको मुख्यमंत्री ने चाकलेट दिया। नई ट्रेन में अनुभव की जानकारी ली। मैने धन्यवाद दिया।- ओम
- मेरी पेंटिंग आत्मनिर्भर भारत पर आधारित है, जो मुख्यमंत्री को काफी पसंद आई। पेंटिंग को वह अपने साथ ले गए। – वैष्णवी

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

