भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में अब एक नया मोड़ सामने आया है। पीड़िता की सास और सेवानिवृत्त न्यायाधीश गिरिबाला सिंह ने एएनआई से बातचीत में कई ऐसे दावे किए हैं, जिन्होंने मामले को एक बार फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया है। उन्होंने कहा कि शादी के कुछ महीनों बाद ही ट्विशा के व्यवहार और सोच में बदलाव महसूस होने लगा था।
गर्भावस्था के बाद बढ़ी मानसिक बेचैनी का दावा
गिरिबाला सिंह के अनुसार, गर्भावस्था की पुष्टि होने के बाद ट्विशा के व्यवहार में अचानक बदलाव दिखाई देने लगा था। उनका कहना है कि ट्विशा बच्चे को जन्म देने के पक्ष में नहीं थीं और मेडिकल टर्मिनेशन ऑफ प्रेग्नेंसी (एमटीपी) कराने की बात पर लगातार जोर दे रही थीं।
उन्होंने दावा किया कि एक दिन घर लौटने पर ट्विशा बेहद तनावग्रस्त स्थिति में थीं। वह लगातार भावुक होकर रो रही थीं और खुद को नुकसान पहुंचाने जैसी हरकतें कर रही थीं। गिरिबाला सिंह के मुताबिक, उस समय उन्होंने ट्विशा को सम्मानपूर्वक मायके जाने का विकल्प भी दिया था।
‘अपनी शर्तों पर फैसले लेने की आदत थी’
गिरिबाला सिंह ने कहा कि ट्विशा कई बार अपनी इच्छा के अनुसार फैसले लेती थीं और आवेगपूर्ण व्यवहार करती थीं। उन्होंने यह भी दावा किया कि एक बार वह बिना किसी को बताए घर छोड़कर चली गई थीं, जिससे परिवार में चिंता का माहौल बन गया था। परिवार ने उनकी मां से भी संपर्क किया था, लेकिन उन्हें भी उस समय ट्विशा की जानकारी नहीं थी।
गिरिबाला सिंह के अनुसार, 23 तारीख को ट्विशा की मां भोपाल आई थीं, लेकिन कुछ समय रुकने के बाद लौट गईं। बाद में समर्थ सिंह के आने पर वह दोबारा भोपाल पहुंचीं, जिसके बाद परिवार के भीतर तनाव की स्थिति और बढ़ गई।
बेटे समर्थ का किया बचाव
अपने बेटे समर्थ सिंह का पक्ष रखते हुए गिरिबाला सिंह ने कहा कि वह रिश्ते को बचाने की कोशिश कर रहा था और मानसिक रूप से भी काफी दबाव में था। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति अपनी भावनाएं एक जैसे तरीके से व्यक्त नहीं करता और पुरुष अक्सर अपने दर्द को खुलकर जाहिर नहीं कर पाते।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि घर में किसी बड़े विवाद जैसी स्थिति नहीं थी, हालांकि एमटीपी को लेकर लगातार तनाव जरूर बना हुआ था। उनके मुताबिक, ट्विशा कई बार यह कहती थीं कि कोई भी उन्हें नियंत्रित नहीं कर सकता।
यह है मामला
नोएडा की रहने वाली 31 वर्षीय ट्विशा शर्मा की शादी दिसंबर 2025 में एक भोपाल निवासी अधिवक्ता समर्थ सिंह से हुई थी। दोनों की मुलाकात वर्ष 2024 में एक डेटिंग एप के जरिए हुई थी। समर्थ, पूर्व जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह के बेटे हैं।
आरोप है कि 12 मई की रात ट्विशा ने अपनी मां को फोन कर ससुराल पक्ष द्वारा प्रताड़ना की बात बताई थी। इसके कुछ समय बाद ट्विशा की मौत की खबर सामने आई। मामले में पुलिस ने पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज किया है और पूरे प्रकरण की जांच जारी है। मामले में आरोपित सास गिरिबाला सिंह को अग्रिम जमानत मिल चुकी है। वहीं समर्थ सिंह फिलहाल फरार है। पुलिस ने समर्थ की गिरफ्तारी पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है।


