सिंगरौली जिले में पुलिस की सक्रियता और त्वरित कार्रवाई का एक सराहनीय उदाहरण सामने आया है, जहां कोतवाली पुलिस ने लापता नाबालिग बालिका को महज 12 घंटे के भीतर सकुशल दस्तयाब कर परिजनों को सौंप दिया। इस सफलता से जहां परिवार ने राहत की सांस ली, वहीं पुलिस की कार्यशैली की भी सराहना हो रही है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दिनांक 24 फरवरी 2026 को एक फरियादी ने थाना कोतवाली में अपनी नाबालिग पुत्री के घर से बिना बताए कहीं चले जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एक विशेष टीम का गठन किया।

पुलिस अधीक्षक मनीष खत्री एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सर्वप्रिय सिन्हा के निर्देशन तथा नगर पुलिस अधीक्षक विंध्यनगर उमेश कुमार प्रजापति के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक अशोक सिंह परिहार द्वारा टीम गठित की गई। उपनिरीक्षक संदीप नामदेव (चौकी प्रभारी सासन) के नेतृत्व में पुलिस टीम ने लगातार खोजबीन और तकनीकी मदद से बालिका की तलाश शुरू की।
कड़ी मेहनत और सघन तलाश के बाद पुलिस टीम ने दिनांक 24 मार्च 2026 को ग्राम सरई से नाबालिग बालिका को सकुशल दस्तयाब कर लिया। इसके पश्चात आवश्यक वैधानिक कार्यवाही पूर्ण करते हुए बालिका को उसके माता-पिता के सुपुर्द कर दिया गया। इस सफल कार्रवाई में उपनिरीक्षक संदीप नामदेव, सहायक उपनिरीक्षक विजय अग्निहोत्री, लेखचन्द्र, प्रधान आरक्षक हेमराज पटेल, संतोष साकेत, आरक्षक राजकुमार एवं सहजानंद की महत्वपूर्ण भूमिका रही।


