जिले के सभी उच्च माध्यमिक विद्यालयों में शैक्षणिक वातावरण बनाए रखने को लेकर सीसीटीवी कैमरा लगाए जाएंगे। जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) ने सभी विद्यालय प्रधानों को को एक सप्ताह के अंदर विद्यालय परिसर एवं सभी वर्ग कक्ष तथा कार्यालय कक्ष में उत्तम गुणवत्तापूर्ण सीसीटीवी कैमरा विद्यालय में उपलब्ध कोष से नियमानुसार उपयोग करते हुए लगवाने का निर्देश दिया है।
जिला शिक्षा पदाधिकारी रवींद्र कुमार ने महुआ प्रखंड के उच्च माध्यमिक विद्यालय हरपुर मिर्जानगर में दो शिक्षकों के बीच लंबे समय से चल रहे आपसी विवाद में प्राथमिकी एवं महिला आयोग में की गई शिकायतों के कारण विद्यालय का शैक्षणिक वातावरण पर इसका असर पड़ने को लेकर यह आदेश जारी किया है।
मामले की समीक्षा के डीईओ ने दिया है निर्देश
उच्च माध्यमिक विद्यालय, हरपुर मिर्जानगर में व्याप्त शैक्षणिक वातावरण की समीक्षा के क्रम में विद्यालय में सुरक्षा एवं अनुशासन बनाए रखने के लिए सीसीटीवी कैमरों की कार्यक्षमत्ता और उनके विस्तार के संबंध में कहा गया है कि प्रधानाध्यापक यह सुनिश्चित करेंगे कि विद्यालय में पूर्व से स्थापित सभी सीसीटीवी कैमरे अनिवार्य रूप से चौबीसों घंटे कार्य कर रहे हों।
आवश्यकतानुसार विद्यालय में उपलब्ध कोष का नियमानुसार उपयोग करते हुए सभी वर्ग कक्षों, कार्यालय कक्ष एवं संपूर्ण विद्यालय परिसर में पर्याप्त संख्या में नए कैमरे लगाए जाए। सीसीटीवी कैमरे की गोपनीयता एवं नियंत्रण प्रणाली का पासवर्ड प्रधानाध्यापक स्वयं अपने पास सुरक्षित और संधारित रखेंगे। यह पासवर्ड किसी भी अन्य शिक्षक या बाहरी व्यक्ति के साथ साझा नहीं किया जाएगा ताकि फुटेज की गोपनीयता और सुरक्षा बनी रहे।
कैमरे के साथ छेड़छाड़ पर होगी दंडात्मक कार्रवाई
यदि किसी भी शिक्षक या कर्मचारी कैमरों के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ या तकनीकी बाधा उत्पन्न की जाती है, तो इसे गंभीर अनुशासनहीनता माना जाएगा। ऐसी किसी भी घटना की सूचना प्राप्त होते ही प्रधानाध्यापक को तत्काल जिला कार्यालय को सूचित करने का निर्देश दिया गया है। ताकि संबंधित शिक्षक के विरुद्ध कठोर विभागीय एवं अनुशासनिक कार्रवाई प्रारंभ की जा सके।
गुटबाजी करने पर शिक्षकों पर होगी कार्रवाई
विद्यालय में पदस्थापित सभी शिक्षकों को डीईओ ने आगाह करते हुए कहा है कि विद्यालय एक शिक्षण संस्था है जहां का वातावरण शांत, अनुशासित एवं सकारात्मक होना अनिवार्य है। विद्यालय परिसर में किसी भी प्रकार की गुटबाजी या राजनीतिक माहौल बनाना पूर्णतः वर्जित है। भविष्य में ऐसी किसी भी गतिविधि की सूचना प्राप्त होने पर, संबंधित शिक्षकों के विरुद्ध बिना किसी स्पष्टीकरण के सीधे कठोर अनुशासनिक एवं विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।


