फ्लैट मिला, घर नहीं! फरीदाबाद में 8 साल से 500 परिवारों का इंतजार, किस्त कट रही फिर भी बिजली-पानी को तरसे
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण, बिजली निगम और बिल्डर की मनमानी के कारण पजेशन मिलने के आठ वर्ष बाद भी 500 से अधिक परिवार अपने फ्लैट में नहीं रह पा रहे हैं।
हर महीने फ्लैट की किस्त कट रही है, लेकिन बिजली और पानी का कनेक्शन नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में किराये के मकान में रहने के लिए मजबूर हैं। खरीदारों ने जिला प्रशासन से लेकर स्थानीय विधायक, सीएम और पीएमओ से गुहार लगा ली है।
आरडब्ल्यूूए उप प्रधान बलराज सिंह, कोषाध्यक्ष वीरेंद्र वर्मा और महासचिव उमेद सहित अन्य ने बताया कि हाउसिंग बोर्ड सेक्टर-70 में सुविधाओं का अभाव है। समस्याओं को लेकर चार जून को समाधान शिविर में अतिरिक्त जिला उपायुक्त अंजली श्रोत्रिया के सामने शिकायत रखी गई थी।
सुनवाई तो हुई, लेकिन समाधान नहीं हो सका। इसके अतिरिक्त प्रोजेक्ट को पूरा कराने और समस्याओं के समाधान के लिए नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग के निदेशक, सीएम विंडो और प्रधानमंत्री कार्यालय को भी ईमेल के माध्यम से शिकायत की है। लेकिन किसी भी प्रकार की सुनवाई नहीं हो पा रही है।
आरोप है कि कंपनी की ओर से बिजली का आधारभूत ढांचा तैयार नहीं कराया गया है। जिसकी वजह से बिजली का कनेक्शन नहीं मिल पा रहा है। इसके अतिरिक्त पानी और सीवर की लाइन भी नहीं बिछाई गई है, जिससे परेशानी और ज्यादा बढ़ रही है।
दरवाजे टूटे, गिरने लगा है प्लास्टर
आरडब्ल्यूए पदाधिकारी उपदेश कुमा, प्रदीप लुनियाल, ज्ञानेंद्र कुमार और विपिन शर्मा ने बताया कि जीवन की जमापूंजी लगाकर ईडब्ल्यूएस एक दशक पहले के तहत फ्लैट्स की बुकिंग कराई थी। प्रोजेक्ट कंपलीट नहीं होने के कारण पजेशन मिलने के बाद भी अपने घर में नहीं रह सकते हैं।
देखरेख और मरम्मत नहीं होने के कारण फ्लैट्स की स्थिति खराब होती जा रही है। खिड़कियां और दरवाजे टूटकर गिर रहे हैं। दीवारों और छत से प्लास्टर गिर रहा है। सपने के आशियाना की ऐसी स्थिति देखकर बहुत दुख होता है। अधिकारी लोगों को परेशानी नहीं समझ रहे हैं।
प्रोजेक्ट पूरा नहीं होने के कारण दो हजार से अधिक लोग परेशानी झेल रहे हैं। अपना फ्लैट होते हुए भी किराये के मकान में रहना पड़ रहा है। जिला उपायुक्त को समस्या पर संज्ञान लेने की आवश्यकता है।
-अंकित ननवाल, आरडब्ल्यूए प्रधान।परियोजना में अभी तक मूलभूत सुविधाएं पूरी नहीं हुई हैं। कंपनी को कई बार प्रोजेक्ट पूरा करने के लिए अतिरिक्त समय दिया जा चुका है। यह मामला राज्यमंत्री राजेश नागर के सामने भी रखा जा चुका है, लेकिन समाधान नहीं हो पा रहा है।
-जय प्रकाश, आरडब्ल्यूए उप प्रधानहरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण में हाउसिंग बोर्ड का विलय हो गया है। लेकिन अभी सुविधाओं को बढ़ाने से लेकर मरम्मत कार्य हाउसिंग बोर्ड की ओर से ही कराया जा रहा है।
-संदीप दहिया, अधीक्षण अभियंता, एचएसवीपी
अधिकारी ने नहीं दिया जवाब
प्रोजेक्ट के अपडेट और विभाग का पक्ष लेने के लिए हाउसिंग बोर्ड के कार्यकारी अभियंता पुनीत वर्मा से संपर्क किया गया, लेकिन उन्होंने फोन का जवाब देना जरूरी नहीं समझा।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

