प्रतिभा और कड़े संघर्ष के बल पर बिहपुर प्रखंड के मध्य विद्यालय (मवि) झंडापुर में पदस्थापित बीपीएससी शिक्षिका साक्षी भारती ने सफलता का एक नया इतिहास रचा है। हाल ही में जारी 70वीं बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) परीक्षा के परिणाम में साक्षी ने आरडीओ (ग्रामीण विकास पदाधिकारी) के पद पर चयनित होकर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। इस परीक्षा में उन्होंने आरडीओ चयन सूची में 310वीं रैंक और ओवरऑल 1787वीं रैंक हासिल की है।
मिथिला पाग पहनाकर अभिनंदन
साक्षी भारती की इस ऐतिहासिक सफलता पर मंगलवार को मध्य विद्यालय झंडापुर में स्कूल परिवार की ओर से प्रधानाध्यापक राजीव नयन की अगुवाई में एक भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान:
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बच्चों ने किया स्वागत: स्कूल के प्यारे बच्चों ने अपनी पसंदीदा शिक्षिका को तिलक लगाया और उन पर पुष्पवर्षा कर भावुक विदाई दी।
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मिथिला पाग से सम्मान: मवि पछियारी टोला औलियाबाद के प्रधानाध्यापक सह प्रावि शिक्षक संघ (गोपगुट) भागलपुर के जिला संयुक्त सचिव अनिल कुमार दीपक ने साक्षी को बिहार की सांस्कृतिक पहचान ‘मिथिला पाग’ पहनाकर सम्मानित किया।
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शिक्षकों ने दी बधाई: शिक्षक विजय कुमार मिश्रा, कुमारी कंचनमाला, ब्रजेश कुमार, मनोज कुमार सुमन, संजय पासवान, रूबी कुमारी और खुशबू कुमारी आदि ने बुके भेंट कर अपनी सहकर्मी (जो अब अफसर बन चुकी हैं) के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
प्रधानाध्यापक राजीव नयन ने कहा कि साक्षी का इस स्कूल में 2 वर्ष 5 माह का शिक्षण कार्यकाल शिक्षा की गुणवत्ता के लिहाज से अत्यंत ही शानदार और अनुकरणीय रहा।
सबसे छोटी बेटी ने बढ़ाया मान
साक्षी भारती मूल रूप से नवगछिया की रहने वाली हैं। उनके पिता राज कुमार साह नवगछिया में ही एक छोटी सी इलेक्ट्रॉनिक्स की दुकान चलाते हैं, जबकि माता संगीता देवी कुशल गृहणी हैं। माता-पिता के तीन पुत्र-पुत्रों में साक्षी सबसे छोटी हैं। एक साधारण परिवार से निकलकर इस बड़े मुकाम तक पहुंचने पर पूरा परिवार और नवगछिया अनुमंडल गौरवान्वित महसूस कर रहा है।समारोह में मौजूद झंडापुर प्लस टू स्कूल के प्रभारी प्रधानाध्यापक मो. नौशाद आलम, शिक्षक संदीप कुमार, घनश्याम कुमार, मुरारी चौधरी और खेलप्रेमी सुजीत कुमार सुमन ने कहा कि साक्षी ने यह साबित कर दिया है कि लगन हो तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है।


