पत्नी की हत्या कर शव छिपाने के आरोप में पति के खिलाफ दर्ज मुकदमे में उस समय नया मोड़ आ गया, जब पुलिस ने जांच के दौरान कथित मृतका को सकुशल बरामद कर लिया। महिला के जिंदा मिलने से पूरे मामले की कहानी बदल गई। पुलिस ने उसे बरामद कर न्यायालय में पेश किया है। उधर, पति ने भी राहत की सांस ली है।
यह है पूरा मामला
रिसिया इलाके के पटना घोसियारी निवासी गणेश का विवाह करीब 10 साल पहले मटेरा इलाके के कुरुवारी निवासी जगदीश की पुत्री गुंजाना के साथ हुआ था। करीब डेढ़ साल पहले गणेश अपनी पत्नी के साथ कमाने के लिए पंजाब के कपूरथला गया। 27 जुलाई 2025 को उसकी पत्नी संदिग्ध हालात में गायब हो गई।
पति ने पंजाब के सिटी कपूरथला थाने में प्रार्थना पत्र दिया। काफी खोजबीन की गई, लेकिन पत्नी का कुछ पता नहीं चल सका। इसी बीच विवाहिता की मां कलावती ने 17 अप्रैल 2026 को कोर्ट के आदेश से अपने दामाद के खिलाफ हत्या कर शव छिपाने का मुकदमा रिसिया थाने में दर्ज कराया।
गंभीर प्रकरण को देख एसपी विश्वजीत श्रीवास्तव ने जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए। रिसिया थाने में तैनात वरिष्ठ उपनिरीक्षक अमितेंद्र सिंह को विवेचना सुपुर्द की गई।
विवेचना के दौरान यह तथ्य प्रकाश में आया कि 27 जुलाई 2025 को गुंजाना बिना किसी को बताए वहां से कहीं चली गई थी। जांच के दौरान महिला के कपूरथला इलाके में दूसरे व्यक्ति के साथ होने की पुख्ता जानकारी हासिल हुई।
इसके बाद महिला सिपाही की अभिरक्षा में उसे जिला मुख्यालय लाया गया। अपर पुलिस अधीक्षक डीपी तिवारी ने बताया कि महिला का स्वास्थ्य परीक्षण करवाकर न्यायालय में पेश किया गया है। इसके बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
तो इसलिए दर्ज कराया मुकदमा
थानाध्यक्ष करुणाकर पांडेय ने बताया कि महिला की मां का कहना है कि विवाह के 10 साल बाद भी कोई बच्चा नहीं हुआ, जिस पर दामाद ने बेटी की हत्या कर शव छिपा दिया था। इस पर महिला की मां ने बेटी की हत्या कर शव छिपाने का आरोप लगाते हुए कोर्ट में वाद दायर किया था।
वहीं, पति अपने ससुराल के लोगों पर पत्नी को गायब करने का आरोप लगा रहा था। हालांकि, जांच और महिला की बरामदगी पर पति गणेश निर्दोश साबित हो गया।


