यूरिया बिक्री पर लगा प्रतिबंध यथावत है। प्रतिबंध से नाराज भाकियू ने जिला कृषि अधिकारी कार्यालय परिसर में धरना दिया। धरना के उपरांत जिला कृषि अधिकारी ओपी मिश्र से वार्ता में प्रतिबंध हटाने की मांग की। वार्ता के उपरांत भाकियू की ओर से जारी विज्ञप्ति में प्रतिबंध हटने का दावा किया गया।
भाकियू के दावे के क्रम में जिला कृषि अधिकारी ने स्पष्ट किया कि फार्मर आईडी व जोत के आधार पर फसल में छिड़काव के लिए यूरिया की बिक्री पर प्रतिबंध नहीं है। जमाखोरी व डंप करने पर प्रतिबंध है।
भाकियू के राष्ट्रीय महासचिव घनश्याम वर्मा ने जिला कृषि अधिकारी को बताया कि इस समय किसानों को सब्जी की फसल, उड़द, मक्का, चरी व गन्ना की फसल में छिड़काव के लिए यूरिया की जरूरत है। यूरिया न मिलने से फसल का विकास प्रभावित होना स्वाभाविक है।
जिला कृषि अधिकारी ने प्रतिनिधि मंडल को बताया कि इस अवधि में गेहूं व धान में से एक भी प्रमुख फसल नहीं है। फिर भी यूरिया की खपत जारी है। इसीलिए फार्मर आईडी व जोत के आधार पर ही यूरिया मिलेगी। इसके बिना बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। वह प्रतिबंध यथावत है।
उन्होंने बढ़े तापमान में यूरिया का फसल में छिड़काव न करने की सलाह दी। कहाकि सिंचाई में विलंब हुआ तो फसल झुलसने लगेगी जिससे उत्पादन भी प्रभावित होगा। धरना में संतोष वर्मा, फरीद अहमद,रामगणेश मौर्य रविशंकर पांडेय, रामू विश्वकर्मा, जितेंद्र कुमार, राजेश कुमार आदि शामिल रहे।


