जिले में बढ़ अपराधों पर पुलिस का कोई नियंत्रण नहीं रहा। 24 घंटे के अंदर जिले में दो हत्याओं के बाद पुलिस महकमे पर सवाल उठ रहे हैं। पिछले साल अप्रैल माह में जिले की बागडोर संभालने वाले 2018 बैच के आईपीएस पलाश बंसल की सक्रियता पर भी प्रश्नचिन्ह हैं।
जिले में छह माह के अंदर दुष्कर्म, चोरी लूट और साइबर अपराध की घटनाओं में सर्वाधिक इजाफा हुआ है। मंडल मुख्यालय होने के कारण सर्वाधिक संवेदनशील जिले में बैठे पुलिस अधिकारी पुलिसिंग में पूरी तरह से फेल हैं। पैलानी तहसील अपराध की घटनाओं का सबसे बड़ा गढ़ माना जाता रहा है।
सोमवार को पैलानी थाना क्षेत्र के मरझा गांव में शराब पीने को लेकर हुए विवाद के बाद एक वरिष्ठ नागरिक की पीटकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना का शोर कम नहीं हुआ कि अगले छह घंटे में खप्टिहा कला में संपत्ति के लालच में एक वृद्ध महिला की हत्या कर दी गई। दो-दो घटनाओं से पूरा जिला थर्रा गया है।
बेहतर पुलिसिंग के लिए आए दिन अपराधियों की धरपकड़ कर शाबाशी लूटने वाले पुलिस अधिकारी यह कहकर अपना बचाव कर रहे हैं कि ज्यादातर घटनाएं पारिवारिक विवादों के कारण है।
यमुना और केन नदी किनारे बसे गांवों में पुलिस की पेट्रोलिंग जीरो है शायद यही कारण है कि छोटी- छोटी घटनाओं पर पुलिस की निगाह न होने के कारण बाद में वही बड़ी घटनाओं का रूप ले रही हैं। डीआइजी एस राजेश केवल पुलिस अफसरों के साथ की जाने वाली बैठकों तक सीमित रह गए हैं।
मंडल मुख्यालय होने के कारण संवेदनशील जिले में अब पुलिस अधिकारी केवल अपनी उपलब्धियां गिना रहे हैं। पुलिस कप्तान पलाश बंसल कहते हैं ऐसे अपराधों को कैसे रोका जा सकता है, ज्यादातर घटनाएं पारिवारिक विवादों के कारण ही हो रही हैं। डीआइजी एस राजेश ने बढ़ रहे अपराधों को लेकर बात करने की कोशिश की गई लेकिन उनका फोन नहीं उठा।
तो क्या नाती ने ही की दादी की हत्या?
नया डेरा में वृद्ध महिला की हत्या की गुत्थी सुलझाने में पुलिस जुटी है। पुलिस ने दिवंगत के स्वजन में पांच लाेगों को हिरासत में लिया है। वृद्ध महिला सुदामा के पति मातादीन ने बड़े भाई की बेटी के बड़े बेटे को गोद दिया था।
दंपती के पास करीब 25 बीघा भूमि है। हत्या की सुई गोद लिए गए नाती के छोटे भाई पर जा रही है। पुलिस के अनुसार हत्या संपत्ति न पाने वाले छोटे नाती ने ही की है, ऐसी बातें जांच में सामने आ रही हैं। जल्द ही घटना का राजफाश किया जाएगा।


