रामजन्मभूमि परिसर के चारों ओर निर्मित हो रही सुरक्षा दीवार के समानांतर पाथ-वे भी बनाया जाएगा। लगभग 14 फीट चौड़े इसी पाथ-वे से गश्त करते हुए सुरक्षाकर्मी पूरे रामजन्मभूमि परिसर की निगरानी करेंगे। पिछले कुछ महीनों से शुरू हुए चहारदीवारी के निर्माण कार्य के अंतर्गत अब तक लगभग चार सौ मीटर दीवार बनाई जा चुकी है।
लगभग 70 एकड़ के रामजन्मभूमि परिसर के चारों ओर 3400 मीटर लंबी सुरक्षा दीवार बननी है। इसका निर्माण केंद्र सरकार की कार्यदायी संस्था इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड (ईआईएल) करा रही है।
संस्था के निर्माण प्रभारी दुर्गेश कुमार के अनुसार पहले से लगी लोहे की ग्रिल के अंदर ही सुरक्षा दीवार बनाई जा रही है, जिससे बाहर पाथ-वे बनाया जा सके। श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से रामजन्मभूमि परिसर की सुरक्षा को अभेद्य बनाने के लिए चहारदीवारी का निर्माण कराया जा रहा है।
अब तक पूरे परिसर की घेराबंदी लोहे की ग्रिल व कंटीले तारों से की गई है। निर्मित हो रही सुरक्षा दीवार की चौड़ाई भी चार फीट से अधिक होगी। इसमें सेंसर लगाए जाएंगे और कुल 24 वाच टावरों का निर्माण होगा।
साथ ही फेस रीडिंग कैमरे भी लगेंगे, जिससे चेहरों की पहचान संभव हो सकेगी। वाच टावरों के माध्यम से परिसर की सतत निगरानी होगी। इनमें से एक वाच टावर का निर्माण पूरा हो गया है। सुरक्षा दीवार का निर्माण अगले वर्ष मार्च तक पूरा हो पाने की संभावना है।


