गांवों में एलपीजी गैस के लिए लंबे इंतजार से जूझ रहे उपभोक्ताओं को जिला प्रशासन ने बड़ी राहत दी है। अब ग्रामीण क्षेत्रों में दूसरी गैस बुकिंग 45 दिन के बजाय 25 दिन में ही कराई जा सकेगी। जिलाधिकारी सविन बंसल ने बताया कि इससे ग्रामीण परिवारों को पहले की तुलना में जल्दी सिलिंडर मिलने की सुविधा होगी।
जिला प्रशासन ने गैस की कालाबाजारी रोकने और शत-प्रतिशत होम डिलीवरी सुनिश्चित करने के लिए क्षेत्रवार क्यूआरटी (क्विक रिस्पांस टीम) भी सक्रिय कर दी है। मंगलवार को टीमों ने विभिन्न गैस एजेंसियों का निरीक्षण कर मांग, स्टाक, आपूर्ति और डिलीवरी व्यवस्था की जांच की। प्रशासन के अनुसार ग्रामीण इलाकों में दूरी और सीमित आपूर्ति के कारण उपभोक्ताओं को अधिक इंतजार करना पड़ता था। नई व्यवस्था से अब घरेलू जरूरतों के अनुसार सिलिंडर जल्दी उपलब्ध हो सकेगा।
10424 घरेलू सिलिंडर किए वितरित
जिले में मंगलवार को 10,424 से अधिक घरेलू और 412 व्यावसायिक सिलिंडरों की आपूर्ति की गई। वर्तमान में 34,487 घरेलू और 1,207 व्यावसायिक सिलिंडर स्टाक में उपलब्ध हैं। प्रशासन ने बताया कि घरेलू के साथ व्यावसायिक गैस सिलिंडरों का लोड भी लगातार बढ़ाया जा रहा है। शिकायतों के समाधान के लिए कंट्रोल रूम सक्रिय रखा गया है। हेल्पलाइन 1077, 0135-2626066, 2726066 और व्हाट्सएप नंबर 7534826066 पर अब तक 33 शिकायतें दर्ज हुई हैं, जिन पर जिला खाद्य पूर्ति विभाग तत्काल कार्रवाई कर रहा है।
ग्रामीण उपभोक्ताओं को सीधा फायदा
पहले दूसरी बुकिंग के लिए डेढ़ माह तक इंतजार करना पड़ता था। नई व्यवस्था से छोटे कस्बों और गांवों में घरेलू रसोई पर दबाव कम होगा। क्यूआरटी टीम स्टाक, डिलीवरी और शिकायतों की जांच कर रही है ताकि कहीं कृत्रिम कमी या देरी न हो।


