फरीदाबाद के सूरजकुंड मेला में हादसे के बाद उमड़ी भीड़, लाखों पर्यटकों ने बढ़ाई रौनक
सूरजकुंड इंटरनेशनल आत्मनिर्भर शिल्प मेले में रविवार को हुए हादसे का असर दोपहर 12 बजे तक दिखा। मेला खुलने के चार घंटे बाद भी परिसर में बहुत कम लोग थे। मुख्य और छोटे प्लाजा भी खाली थे। जैसे ही लोगों को पता चला कि मेला फिर से खुल गया है, पर्यटक आने लगे और दोपहर 2 बजे के बाद स्थिति ऐसी हो गई कि मेले में खड़े होने की भी जगह नहीं थी। मेला प्रबंधन का दावा है कि रविवार को 2.25 लाख से ज्यादा पर्यटक मेले में आए। अनुमान है कि 31 जनवरी से 8 फरवरी तक 7.20 लाख से ज्यादा आगंतुक मेले में आए होंगे।
पर्यटकों को बचाने के लिए जान जोखिम में डालने वाले बहादुर
मेले का नौवां दिन शोक और श्रद्धांजलि के माहौल में शुरू हुआ। मुख्य प्लाजा पर हरियाणा पर्यटन विभाग के अधिकारियों, पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने पर्यटकों के साथ मिलकर पुलिस इंस्पेक्टर जगदीश प्रसाद को भावभीनी श्रद्धांजलि देने के लिए दो मिनट का मौन रखा, जिन्होंने सूरजकुंड मेले में हादसे के दौरान लोगों को बचाते हुए अपनी जान गंवा दी थी। इसके बाद मुख्य प्लाजा पर कार्यक्रम शुरू हुए।


