पूर्वोत्तर रेलवे में अवैध पानी के कारोबार पर अब तक प्रभावी रोक नहीं लग पाई है। ठंड के मौसम के बावजूद गोरखपुर जंक्शन और ट्रेनों में अधिकृत रेल नीर की जगह अनधिकृत लोकल ब्रांड की पानी की बोतलें खुलेआम बेची जा रही हैं। यात्रियों से प्रति बोतल 20 रुपये वसूले जा रहे हैं, जबकि इन बोतलों की गुणवत्ता और शुद्धता पर गंभीर सवाल बने हुए हैं।
रेल प्रशासन को लगातार मिल रही शिकायतों के बीच स्टेशन डायरेक्टर रतनदीप गुप्ता के निर्देश पर वाणिज्य विभाग की टीम ने शनिवार को सख्त कार्रवाई की। अभियान के तहत प्लेटफार्म नंबर नौ पर छापेमारी की गई, जहां से लोकल ब्रांड की 300 अनधिकृत पानी की बोतलें जब्त की गईं।
जांच के दौरान सामने आया कि अवैध वेंडर इन बोतलों को ट्रेन संख्या 12555 गोरखधाम एक्सप्रेस में चढ़ाने की तैयारी कर रहे थे। वाणिज्य विभाग के कर्मचारियों ने मौके पर ही कार्रवाई करते हुए बोतलों को कब्जे में लिया और संबंधित वेंडरों से पूछताछ शुरू की।
रेल अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सेहत से खिलवाड़ किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अवैध पानी बिक्री में शामिल लोगों के खिलाफ रेलवे नियमों के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है। वहीं, यात्रियों से अपील की गई है कि वे केवल अधिकृत रेल नीर या वैध विक्रेताओं से ही पानी खरीदें और किसी भी अनियमितता की सूचना तुरंत रेलवे प्रशासन को दें।

