कश्मीर: जम्मू-कश्मीर के ऊंचाई वाले पहाड़ी क्षेत्र में स्थित गंगबल झील की ओर एक विशेष और ऐतिहासिक यात्रा शुरू हुई। करीब 14,500 फीट की ऊंचाई पर स्थित गंगबल झील, हरमुख पर्वत की गोद में बसी अपनी प्राकृतिक सुंदरता और धार्मिक आस्था के लिए जानी जाती है। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के बीच ‘हर-हर महादेव’ के जयकारे गूंजते रहे।
हरमुख की गोद में गंगबल झील
गंगबल झील कश्मीर के पर्वतीय क्षेत्र में स्थित प्रमुख उच्च हिमालयी झीलों में शामिल है। हरमुख पर्वत श्रृंखला से घिरी यह झील ट्रैकिंग और धार्मिक यात्रा के लिहाज से भी महत्वपूर्ण मानी जाती है। कठिन पहाड़ी रास्तों और चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों के बीच यहां पहुंचना अपने आप में एक खास अनुभव है।
आस्था और साहस का संगम
गंगबल की यात्रा में प्राकृतिक रोमांच के साथ धार्मिक आस्था का भी विशेष महत्व है। ऊंचाई पर पहुंचने के दौरान यात्रियों ने महादेव के जयकारे लगाए। कठिन चढ़ाई के बीच श्रद्धालुओं का उत्साह यात्रा को अलग पहचान देता नजर आया।
ऊंचाई वाले क्षेत्र में शुरू हुई यात्रा
करीब 14,500 फीट की ऊंचाई पर होने के कारण गंगबल क्षेत्र की यात्रा सामान्य पर्यटन स्थलों की तुलना में अधिक चुनौतीपूर्ण है। यहां मौसम और पहाड़ी परिस्थितियां यात्रा को प्रभावित कर सकती हैं। इसके बावजूद श्रद्धालुओं और यात्रियों में गंगबल झील तक पहुंचने को लेकर खास उत्साह देखा गया।
प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर है क्षेत्र
हरमुख की ऊंची चोटियों, पहाड़ी ढलानों और झील के आसपास का हिमालयी परिदृश्य इस यात्रा को खास बनाता है। गंगबल झील तक पहुंचने वाली यात्रा में प्रकृति, रोमांच और आस्था—तीनों का अनुभव एक साथ देखने को मिलता है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

