भागलपुर-जमालपुर रेल मार्ग पर सफर करने वाले यात्रियों के लिए बेहद जरूरी खबर है। ट्रेनों की रफ्तार को बरकरार रखने और यात्रियों की सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए बड़ा अभियान शुरू किया गया है।
रेलवे प्रशासन की ओर से इस महत्वपूर्ण रूट पर लगातार अत्याधुनिक तकनीक से ट्रैक मेंटेनेंस (पटरी मरम्मत) का कार्य किया जा रहा है, ताकि आने वाले समय में ट्रेनों के परिचालन में कोई तकनीकी बाधा न आए। जमालपुर स्थित रेलवे के बड़े पुल के नीचे पिछले कई दिनों से अप एवं डाउन दोनों रेल लाइनों पर कड़े सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए दर्जनों रेलकर्मी दिन-रात मरम्मत और रखरखाव के काम में जुटे हैं।
आधुनिक उपकरणों से पटरियों को किया जा रहा दुरुस्त
रेलवे के इंजीनियरिंग विभाग की सीधी देखरेख में ट्रैक की तकनीकी जांच, रेल पटरियों का सूक्ष्म निरीक्षण, स्लीपर एवं फास्टनिंग की मरम्मत तथा बैलेस्ट की स्थिति में आवश्यक सुधार कार्य किए जा रहे हैं। रेलकर्मी निर्धारित ब्लॉक अवधि में आधुनिक डिजिटल उपकरणों की सहायता से ट्रैक को पूरी तरह दुरुस्त कर रहे हैं।
अधिकारियों के अनुसार, इस नियमित मेंटेनेंस से रेल दुर्घटनाओं की आशंका पूरी तरह खत्म हो जाएगी। इसके साथ ही ट्रेनों को बिना किसी बाधा के उनकी निर्धारित अधिकतम गति से चलाने में बड़ी मदद मिलेगी। स्थानीय लोगों का भी कहना है कि इस कार्य से रेलखंड की सुरक्षा व्यवस्था पहले से कई गुना मजबूत होगी।
महा-ब्लॉक के कारण रेंगती रहीं वीआईपी ट्रेनें
इस बड़े मरम्मत कार्य के चलते जमालपुर रेल मार्ग से होकर गुजरने वाली कई महत्वपूर्ण एक्सप्रेस, सुपरफास्ट एवं इंटरसिटी ट्रेनें अपने निर्धारित समय से घंटों विलंब से चलीं, जिससे यात्री बेहाल नजर आए। लेट चलने वाली प्रमुख ट्रेनों में डाउन विक्रमशिला एक्सप्रेस अपने समय से डेढ़ घंटा, ब्रह्मपुत्र मेल 25 मिनट, गरीब रथ एक्सप्रेस 30 मिनट और दानापुर साहिबगंज इंटरसिटी करीब 35 मिनट की देरी से स्टेशन पहुंची।
वहीं भागलपुर दानापुर इंटरसिटी 15 मिनट, बांका राजेंद्र नगर इंटरसिटी 15 मिनट, अप विक्रमशिला एक्सप्रेस 10 मिनट, भागलपुर सूरत एक्सप्रेस 15 मिनट तथा अप फरक्का एक्सप्रेस भी 20 मिनट लेट होकर चली।
पटना-दुमका एक्सप्रेस 3 घंटे लेट, यात्री बेहाल
ट्रेनों की लेटलतीफी का सबसे बुरा असर पटना दुमका एक्सप्रेस पर पड़ा, जो अपने निर्धारित समय से पूरे 3 घंटे की देरी से चली। इसके अलावा अमरनाथ एक्सप्रेस 1 घंटा और मालदा पटना एक्सप्रेस भी 1 घंटा लेट रही। वहीं जयनगर हावड़ा एक्सप्रेस 2 घंटे, हावड़ा गया एक्सप्रेस 30 मिनट तथा डाउन ब्रह्मपुत्र मेल 10 मिनट की देरी से चली।
ट्रेनों के इस कदर लेट होने के कारण यात्रियों को उमस भरी गर्मी में घंटों इंतजार करना पड़ा। हालांकि, रेलवे की ओर से ट्रेनों के इस महा-विलंब का कोई औपचारिक या आधिकारिक कारण स्पष्ट नहीं किया गया है, लेकिन माना जा रहा है कि पटरियों पर चल रहा ब्लॉक कार्य ही इसकी मुख्य वजह है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

