रामगढ़ चौकी क्षेत्र में एक युवक के साथ मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पंचकूला पुलिस ने कड़ी कार्रवाई करते हुए संबंधित एसपीओ को सेवा से बर्खास्त कर दिया।
डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए स्पष्ट किया कि पुलिस विभाग में अनुशासनहीनता, शक्ति के दुरुपयोग और आमजन के साथ दुर्व्यवहार के लिए कोई स्थान नहीं है।
जानकारी के अनुसार स्थानीय लोगों ने पुलिस को एक संदिग्ध व्यक्ति के इलाके में घूमने की सूचना दी थी। सूचना मिलने पर ईआरवी टीम मौके पर पहुंची, जहां संबंधित व्यक्ति नशे की हालत में मिला।
इसी दौरान ईआरवी में तैनात एसपीओ जयवीर सिंह ने उसके साथ मारपीट की। घटना का वीडियो किसी ने बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जिसके बाद मामला पुलिस अधिकारियों के संज्ञान में पहुंचा।
डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने लिया एक्शन
वीडियो सामने आते ही डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने पूरे प्रकरण की गंभीरता से समीक्षा कर तत्काल प्रभाव से एसपीओ जयवीर सिंह को सेवा से बर्खास्त करने के आदेश जारी कर दिए।
उन्होंने कहा कि पुलिस की वर्दी कानून का पालन कराने और लोगों की सुरक्षा के लिए है, न कि किसी के साथ दुर्व्यवहार करने के लिए। यदि कोई पुलिसकर्मी अपने अधिकारों का दुरुपयोग करता है या निर्धारित आचरण के विपरीत कार्य करता है तो उसके खिलाफ बिना किसी ढिलाई के सख्त कार्रवाई की जाएगी।
आमजन की सुरक्षा सबसे पहले: डीसीपी
डीसीपी ने कहा कि पंचकूला पुलिस आमजन के विश्वास को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। पुलिस का दायित्व नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना, कानून-व्यवस्था बनाए रखना और प्रत्येक व्यक्ति के साथ सम्मानजनक व्यवहार करना है। उन्होंने दोहराया कि विभाग में जवाबदेही और अनुशासन बनाए रखने के लिए भविष्य में भी ऐसी घटनाओं पर कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
इस कार्रवाई को पुलिस विभाग की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत अनुशासन और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


