कनाडा की अदालत ने दुनिया भर में लोगों को खुदकुशी करने के लिए उकसाने और मौत का सामान सप्लाई करने वाले खूंखार अपराधी को दोषी ठहराया है। 60 वर्षीय केनेथ लॉ ने इंटरनेट के माध्यम से सैकड़ों लोगों को जहरीले सुसाइड पैकेट भेजे और साथ ही जान देने के तरीके भी बताए। कोर्ट ने उसे 14 अलग-अलग मामलों में दोषी पाया है।
41 देशों में भेजे 1200 से अधिक जहरीले पैकेट
जांच के अनुसार, केनेथ लॉ ने दुनिया के करीब 41 देशों में कम से कम 1,209 जहरीले पैकेट कोरियर के जरिए भेजे थे। इन देशों में मुख्य रूप से कनाडा, ब्रिटेन, अमेरिका, इटली, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड शामिल हैं। उसने ओंटारियो की न्यूमार्केट कोर्ट में 16 से 36 वर्ष की आयु के 14 पीड़ितों की मौत में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है।
उसे इन मामलों में सितंबर महीने में सजा सुनाई जा सकती है। इसके अलावा, लॉ ने यह भी कबूल किया कि ब्रिटेन में हुई 79 मौतों में इस्तेमाल किया गया घातक पदार्थ उसी ने भेजा था।
फूड व्होलसेलर की आड़ में छिपा था कातिल
केनेथ लॉ पहले एक पेशेवर इंजीनियर था और टोरंटो के एक नामी होटल में कुक के रूप में भी काम कर चुका था। उसने अपनी काली करतूतों को छिपाने के लिए एक सुनियोजित तरीका अपनाया था। वह इंटरनेट पर खुद को एक फूड प्रेप व्होलसेलर के रूप में दिखाता था।
कानून और सुरक्षा एजेंसियों की नजरों से बचने के लिए वह अपनी वेबसाइट पर घातक केमिकल्स के साथ-साथ ‘हॉट सॉस’ जैसे सामान्य खाद्य उत्पादों को भी लिस्ट करके रखता था।
पैकेट पर चेतावनी के साथ सुसाइड गाइड
केनेथ लॉ जो जहरीले पैकेट भेजता था, उन पर बकायदा एक चेतावनी लिखी होती थी कि इसके इस्तेमाल की पूरी जिम्मेदारी यूजर (खरीदार) की होगी। वह केवल जहर ही नहीं बेचता था, बल्कि आत्महत्या को अंजाम देने के लिए रसायन आदि के इस्तेमाल से जुड़े विस्तृत निर्देश और गाइड भी साथ में देता था।
गिरफ्तारी के वक्त उसके शॉपिफाई और पेपैल खातों में करीब 2.05 करोड़ रुपये जमा थे। इस घटना के बाद से ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स और सुसाइड को बढ़ावा देने वाले इंटरनेट फोरम की सुरक्षा और निगरानी पर बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं।
जहर खाने के बाद मांगी मदद
अदालत की सुनवाई के दौरान कई पीड़ितों के माता-पिता ने लॉ पर बेहद गंभीर आरोप लगाए और अपना दर्द बयां किया। मामले में सामने आया कि कई युवाओं को जहर खाने के बाद अपनी गलती का एहसास हुआ और उन्होंने मदद की गुहार लगाई। एक युवक ने जहरीला केमिकल खाने के बाद उल्टियां करते हुए अपने माता-पिता से अपनी जान बचाने की भीख मांगी थी।
एक 29 वर्षीय युवक ने जहर खाने के बाद खुद 911 पर कॉल किया। वह रोते हुए बार-बार कह रहा था कि प्लीज, मैंने जहरीला पदार्थ ले लिया है और मैं जल्द मर जाऊंगा। जब तक बचाव दल वहां पहुंचा, वह बेहोश हो चुका था और सांस न ले पाने के कारण अस्पताल में उसे मृत घोषित कर दिया गया।
ब्रिटेन की एक अन्य पीड़ित ने भी इमरजेंसी सेवा को कॉल कर बताया था कि उसने खुद को मारने के लिए पदार्थ तो ले लिया है, लेकिन अब वह मरना नहीं चाहती। हालांकि, पैरामेडिक्स के 30 मिनट से भी कम समय में पहुंचने के बावजूद उसकी जान नहीं बचाई जा सकी।
कोर्ट में स्वेच्छा से स्वीकार किया गुनाह
केनेथ लॉ ने जस्टिस मिशेल फ्युरस्ट के सामने पेश होकर माना कि वह अपने द्वारा किए गए अपराधों की गंभीरता और उसके दायरे को अच्छी तरह समझता है। उसने बिना किसी दबाव के स्वेच्छा से अपना दोष स्वीकार कर लिया।
अभियोजन पक्ष ने अदालत में लॉ के खिलाफ 60 से अधिक पन्नों का विस्तृत चार्जशीट दायर किया था। सुनवाई के दौरान कोर्ट रूम में मौजूद पीड़ित परिवारों की भावुक और आक्रोशित प्रतिक्रियाओं ने इस पूरे मामले की संजीदगी और भयावहता को सबके सामने लाकर रख दिया।


