झारखंड के गिरिडीह जिले के सरिया प्रखंड स्थित धोवारी जंगल में झुंड से बिछड़े एक हाथी की मौत हो गई। गुरुवार सुबह ग्रामीणों ने जंगल में झाड़ियों के बीच हाथी का शव पड़ा देखा, जिसके बाद इसकी सूचना वन विभाग को दी गई। प्रारंभिक आशंका है कि हाथी झाड़ियों में फंस गया था, जिससे उसकी मौत हो गई।
ग्रामीणों के अनुसार यह हाथी पिछले 10 से 15 दिनों से सरिया और बिरनी क्षेत्र के जंगलों व आसपास के गांवों में विचरण कर रहा था। इस दौरान उसने कई गांवों में उत्पात मचाया और किसानों की फसलों तथा घरों को नुकसान पहुंचाया। हाथी के डर से ग्रामीणों में दहशत का माहौल था। उसकी चपेट में आने से दो युवकों की मौत भी हो चुकी थी।
बताया गया कि मंगलवार रात तक हाथी को आसपास के गांवों में घूमते और उत्पात मचाते देखा गया था। इसके बाद से वह नजर नहीं आया। गुरुवार सुबह ग्रामीण जब जंगल की ओर गए तो उन्होंने हाथी को मृत अवस्था में देखा।
हाथी की मौत की खबर फैलते ही आसपास के गांवों के लोगों ने राहत की सांस ली। ग्रामीणों का कहना है कि झुंड से बिछड़ने के बाद हाथी काफी आक्रामक हो गया था और अक्सर रिहायशी इलाकों में पहुंचकर हमला कर रहा था।
वन विभाग के अधिकारियों ने कहा कि टीम घटनास्थल के लिए रवाना हो चुकी है। जांच के बाद ही हाथी की मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि की जा सकेगी।


