गाजियाबाद के साहिबाबाद में कनावनी की झुग्गियों में बिजली आपूर्ति करने के लिए खाली प्लाट पर दिए गए कमर्शियल बिजली कनेक्शन अवैध पाए गए।
अब इन कनेक्शनों को पीडी (परमानेंट डिस्कनेक्ट) करने के सात ही मीटर को उखाड़े जाएंगे। साथ ही कनेक्शन देने वाले तत्कालीन एसडीओ व जेई को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।
स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं पाए जाने पर उनके खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी। झुग्गियों में बिजली आपूर्ति विद्युत निगम अपने स्तर से करेगा। वहीं, जांच कमेटी कई सवालों के जवाब नहीं तलाश पाई।
जांच कमेटी गठित
दैनिक जागरण ने झुग्गियों वाले क्षेत्र की पड़ताल कर अवैध तरीके से बिजली बेच कर हर माह वसूली करने और विद्युत निगम के अधिकारियों की लापरवाही को उजागर करते हुए अभियान चलाया था। खबर का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों ने जांच कमेटी गठित की थी।
जांच कमेटी में विद्युत नगरीय वितरण खंड (तकनीकी) 11 केवी व एलटी नेटवर्क के अधिशासी अभियंता (तकनीकी) अजय कुमार और विद्युत नगरीय वितरण खंड वाणिज्य-प्रथम की अधिशासी अभियंता शिवांगी को शामिल किया गया।
मीटरों को उखाड़ने की तैयारी
कमेटी की जांच में सामने आया कि खाली प्लाट में मौके पर लगे तीन कमर्शियल कनेक्शन गलत तरीके से दिए पाए गए हैं। पहला कनेक्शन 2026, दूसरा 2019 व तीसरा 2023 में दिया गया था। तीनों ही कनेक्शन नियमों के विरुद्ध थे। निगम ने इन मीटरों को उखाड़ने की तैयारी कर ली है। अब उच्चाधिकारियों को संबंधित अधिकारियों के स्पष्टीकरण मिलने का इंतजार है।
हर माह वसूला जाते थे 2,000
विद्युत निगम की जांच कमेटी ने माना कि हर माह प्रत्येक झुग्गी से 2000 रुपये वसूले जाते थे। इसके लिए हर माह कोई नया व्यक्ति आता था, लेकिन इसमें से बिजली के नाम पर कितना लिया जाता था इसका पता जांच कमेटी नहीं लगा पाई।
अधिकारियों का कहना है कि बिजली बेचने वाले ने झुग्गियों वालों को ये नहीं बताया कि जो रुपये लिए जा रहे हैं उनमें से किस कार्य के लिए कितने रुपये लिए जा रहे हैं।
डर के कारण झुग्गी में रहने वाले लोग नहीं दे रहे थे बयान
एक अधिकारी ने नाम न लिखने की शर्त पर बताया कि जो लोग झुग्गियों में बिजली बेच रहे थे, उनके दबाव के कारण झुग्गियों में रहने वाले लोग खुलकर सामने नहीं आ रहे थे। जिन लोगों ने बयान दिए उन्होंने भी खुलकर नहीं बोला। उन्हें डर कि उनकी झुग्गी हटा दी जाएगी।
विजिलेंस टीम हर सप्ताह करेगी निरीक्षण
उच्चाधिकारियों का कहना झुग्गियों में अवैध तरीके से बिजली न बेची जाए। इसके लिए विजिलेंस टीम हर सप्ताह निरीक्षण करेगी। अगर कोई भी अवैध तरीके से बिजली बेचता या उपयोग करता पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विद्युत निगम झुग्गियों में खुद देगा बिजली
विद्युत निगम के अधिकारियों का कहना है कि झुग्गियों स्मार्ट प्रीपेड से बिजली दी जाएगी। इसके लिए उन्हें आवेदन करना होगा। साथ ही जिसकी जमीन में झुग्गी बनाई गई है उसके मालिक से लिखवाकर लाना होगा कि उसे कोई आपत्ति नहीं है। विद्युत निगम की बिजली तीसरे व्यक्ति के माध्यम से नहीं बेची जाएगी।


