करंट की चपेट में आने से एक युवक की दर्दनाक मौत के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित लोगों ने प्रजापतिपुर गांव के सामने पुल के पास सड़क पर शव रखकर चक्का जाम कर दिया। सूचना पर पहुंची धनघटा व महुली पुलिस ने करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद जाम समाप्त कराकर आवागमन बहाल कराया।
मृतक की पहचान प्रजापतिपुर गांव निवासी विक्रम (30 वर्ष) पुत्र राजकुमार के रूप में हुई है। शनिवार की सुबह वह शौच के लिए नदी किनारे गया था, तभी वहां पहले से गिरे विद्युत तार की चपेट में आ गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
ग्रामीणों के अनुसार, चार दिन पहले बुधवार को आए चक्रवाती तूफान में मुखलिसपुर विद्युत उपकेंद्र से लगभग 100 मीटर दूरी पर, नदी किनारे मंदिर के पास लगे पोल से तार टूटकर गिर गया था।
इसकी सूचना विभागीय कर्मचारियों को दी गई थी, लेकिन लापरवाही के चलते तार को ठीक नहीं किया गया और लगातार सप्लाई चालू रही। ग्रामीणों का आरोप है कि टूटे तार में करंट प्रवाहित होता रहा, जिससे शनिवार को विक्रम उसकी चपेट में आ गया। घटना के बाद परिजनों व ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है।
कर्मचारी उपकेंद्र बंद कर हुए फरार
घटना के बाद मुखलिसपुर विद्युत उपकेंद्र पर तैनात अवर अभियंता सत्य प्रकाश व अन्य कर्मचारी उपकेंद्र बंद कर चले गए, जिससे उपभोक्ताओं को पूरे दिन परेशानी का सामना करना पड़ा।
वहीं, अवर अभियंता सत्य प्रकाश का कहना है कि उन्हें तार टूटने की कोई सूचना नहीं मिली थी। सूचना मिलती तो तत्काल मरम्मत कराई जाती। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त तार व पोल की मरम्मत का कार्य चल रहा है।


