जंगल से भटककर गांव के करीब पहुंचे चीतल का शिकार कर पांच ग्रामीणों ने मांस का बंटवार कर लिया। वन विभाग की टीम ने आरोपियों को गिरफ्तार किया है। घटना रायगढ़ वन मंडल क्षेत्र का है।
शहर से 15 किलोमीटर दूर देलारी गांव में 16 अप्रैल की दोपहर पानी पीने पहुंचे चीतल पर कुत्तो ने हमला कर दिया। मौके पर मौजूद लोगों ने चीतल को बचाया। बाद में आत्माराम राठिया, मयाराम राठिया, हरिचरण साव, तरूण साव, के अलावा मोतीलाल अगरिया ने चीतल का शिकार कर मांस बांट लिया।
वन विभाग की छापामारी
वन विभाग की टीम ने ग्रामीणों के घरों में छापामार कार्रवाई की। उनके घर से सब्जी जब्त कर ग्रामीणों से पूछताछ की। उन्होंने अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया कि कुत्ते की हमले से चीतल की मौत हो गई थी जिसके बाद तालाब के पास ही मांस का बंटवारा कर लिया।
पांचों आरोपितों के खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 का उल्लंघन पाये जाने पर धारा 39, 50, 51 के तहत अपराध दर्ज करते हुए आरोपितों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया है।


