अक्षय तृतीया (अक्खा तीज) के अवसर पर बड़ी संख्या में विवाह, शादियों का आयोजन किया जाता है जिसकी आड़ में बाल विवाह होने का अंदेशा भी बना रहता है। इस साल 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया (Akshaya Tritiya 2026)है। इस अवसर पर संभावित बाल विवाह की घटनाओं को रोकने के लिए धनबाद जिला प्रशासन ने अनोखा निर्देश जारी किया है।
उपायुक्त कार्यालय (समाज कल्याण शाखा) की ओर से इस संबंध में सभी विभागों और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश के अनुसार अक्षय तृतीया के दिन बड़े पैमाने पर बाल विवाह होने की आशंका को देखते हुए ग्राम पंचायत से लेकर जिला स्तर तक व्यापक जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है। ऐसे बच्चों की पहचान करने को कहा गया है, जो पढ़ाई छोड़ चुके हैं और बाल विवाह के जोखिम में हो सकते हैं।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अनुमंडल पदाधिकारी एवं बाल विवाह निषेध पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक, बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, महिला पर्यवेक्षिका, पंचायत सचिव समेत सभी संबंधित अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में सतर्कता बरतें और किसी भी संभावित बाल विवाह की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें। राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के निर्देशों का भी पालन सुनिश्चित करने को कहा गया है।


