अनुसूचित जाति से संबंधित मजदूर परिवारों को इंसाफ दिलाने की बजाय उन्हें दरकार दिया जाता है। एसएसपी के आदेश के बावजूद चौकी इंचार्ज इसलिए कार्रवाई नहीं करते कि जिसके खिलाफ शिकायत है, उसे बचाने लिए खेमकरण व खडूर साहिब के विधायक बजिद हैं।
अगर पुलिस ने अपना रवैया नहीं बदला तो दोनों विधायकों व एसएसपी के खिलाफ संघर्ष का बिगुल बजाते पुतले जलाए जाएंगे। यह कहना है देहाती मजदूर सभा के जिला अध्यक्ष जसबीर सिंह वेरोवाल, महासचिव जोगिंदर सिंह खडूर साहिब, नछत्तर सिंह का।
उन्होंने कहा कि मजदूर सभा की ओर से अपने वर्ग के हितों में पोस्टर लगाए गए। जिम्मीदार बिरादरी से संबंधित आप नेता ने पोस्टर फाड़ते हुए जातिसूचक गालियां दीं। जिसके खिलाफ एसएसपी को मिलकर लिखित शिकायत दी गई। एसएसपी सुरेंद्र लांबा द्वारा थाना गोइंदवाल साहिब की पुलिस को कार्रवाई लिए कहा गया।
बाद में यह शिकायत पुलिस चौकी फतेहाबाद पहुंची। चौकी प्रभारी लखबीर सिंह को कई बार मिलकर कार्रवाई लिए कहा गया, लेकिन खेमकरण के विधायक के चहेते को बचाने लिए खडूर साहिब के विधायक द्वारा चौकी प्रभारी को कुछ खास कह दिया गया। जिसके चलते अनुसूचित जाति के परिवार को इंसाफ नहीं मिल रहा।
रेशम सिंह फेलोके, जंग बहादर सिंह, सुलक्खन सिंह तुड़, कुलविंदर कौर खडूर साहिब, बूटा सिंह, सुखजिंदर सिंह राजू, जगीर सिंह चंडीगढ़, लखबीर सिंह लुहार, दारा सिंह मुंडापिंड, सुरजीत सिंह भैल, निरवैल सिंह जौहल, मास्टर सरबजीत सिंह भरोवाल, कुलवंत सिंह, गुरबचन सिंह, खुशदीप सिंह ने संबोधन करते कहा कि अब दोनों विधायकों व एसएसपी का पुतला जलाकर संघर्ष आगे बढ़ाया जाएगा।
चौकी प्रभारी लखबीर सिंह ने आश्वासन दिया कि लंबित शिकायतों को एक सप्ताह में निपटाया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि पुलिस पक्षपात नहीं करती, बल्कि वीआइपी ड्यूटी के चलते जांच को समय लगा है।


