रजक समाज का भोपाल में प्रदर्शन: पूरे MP में अनुसूचित जाति का दर्जा देने की मांग पर अड़े

2.4kViews
1822 Shares

 राजधानी में गुरुवार को संयुक्त मोर्चा रजक समाज ने लंबित मांगों को लेकर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। “एक प्रदेश, एक समुदाय, एक आरक्षण” का नारा लगाते हुए प्रदर्शनकारी रजक/धोबी समाज को संपूर्ण मध्यप्रदेश में अनुसूचित जाति में शामिल करने की मांग पर अड़े रहे। मुख्यमंत्री निवास के घेराव के लिए बढ़ते प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने बीच रास्ते में रोक लिया, जिसके बाद वे वहीं बैठकर विरोध जताने लगे।

आमरण अनशन की चेतावनी

समाज के पदाधिकारियों ने साफ कहा कि जब तक मुख्यमंत्री से सीधी बातचीत नहीं होती और ठोस आश्वासन नहीं मिलता, आंदोलन जारी रहेगा। कुछ नेताओं ने मांगें पूरी न होने पर आमरण अनशन शुरू करने की चेतावनी भी दी।

संयुक्त मोर्चा के प्रदेश संयोजक कैलाश नाहर ने बताया कि वर्तमान में रजक/धोबी समाज को केवल भोपाल, सीहोर और रायसेन जिलों में अनुसूचित जाति का दर्जा प्राप्त है, जबकि प्रदेश के अन्य जिलों में यही समाज पिछड़ा वर्ग में अधिसूचित है। एक ही राज्य में एक ही समुदाय के लिए अलग-अलग आरक्षण व्यवस्था सामाजिक न्याय के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि विवाह के बाद जिलों के आधार पर बच्चों की श्रेणी बदल जाना गंभीर प्रशासनिक और सामाजिक विसंगति है, जिसे खत्म किया जाना चाहिए।

नाहर ने यह भी बताया कि 14 जुलाई 2006 को मध्यप्रदेश शासन ने रजक/धोबी समाज को पूरे प्रदेश में अनुसूचित जाति में शामिल करने का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा था, लेकिन आदिम जाति अनुसंधान संस्थान की टिप्पणी के बाद प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पाई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *