आईआईटी बीएचयू के दो प्राध्यापकों को मिली बड़ी उपलब्धि, INSA की प्रतिष्ठित शोध पत्रिका के बने संपादक
भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (काशी हिन्दू विश्वविद्यालय), यानी आईआईटी (बीएचयू) के दो प्रख्यात प्राध्यापकों ने संस्थान और पूरे देश का मान बढ़ाया है। भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी (INSA), नई दिल्ली की प्रतिष्ठित और प्रमुख शोध पत्रिका Proceedings of the Indian National Science Academy के संपादक मंडल में संस्थान के दो शिक्षकों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। यह नियुक्ति न केवल इन दोनों वैज्ञानिकों के व्यक्तिगत उत्कृष्ट शोध कार्यों का सम्मान है, बल्कि यह आईआईटी (बीएचयू) की बढ़ती राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय अकादमिक साख को भी मजबूती प्रदान करती है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आईआईटी (बीएचयू) के स्कूल ऑफ मैटेरियल्स साइंस एंड टेक्नोलॉजी से जुड़े डॉ. संजय सिंह को भौतिक एवं पदार्थ विज्ञान (Physical and Material Sciences) विषय का संपादक नियुक्त किया गया है। वहीं, स्कूल ऑफ बायोकेमिकल इंजीनियरिंग के डॉ. प्रांजल चंद्र को इंजीनियरिंग एवं प्रौद्योगिकी (Engineering and Technology) क्षेत्र के संपादक का महत्वपूर्ण दायित्व सौंपा गया है।
ये दोनों ही प्राध्यापक अपने-अपने शैक्षणिक क्षेत्रों में अग्रणी शोध कार्यों के लिए जाने जाते हैं। उनकी यह नियुक्ति उनके वर्षों के कठिन परिश्रम, वैज्ञानिक अनुसंधान में उनके उल्लेखनीय योगदान और उनके अकादमिक कौशल की मुहर है।
विज्ञान प्रसार का एक प्रमुख मंच है INSA की पत्रिका
भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी (INSA) की यह प्रमुख शोध पत्रिका देश-विदेश के वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं के बीच एक अत्यंत प्रतिष्ठित मंच मानी जाती है। यह पत्रिका विज्ञान और प्रौद्योगिकी की विभिन्न विधाओं, शाखाओं में उच्चस्तरीय शोध कार्यों के प्रकाशन और वैज्ञानिक ज्ञान के व्यापक प्रसार का कार्य करती है। ऐसे प्रतिष्ठित जर्नल के संपादक मंडल में शामिल होना किसी भी शोधार्थी या शिक्षाविद् के लिए एक बहुत बड़ी उपलब्धि मानी जाती है। इसमें संपादकीय दायित्व संभालना यह तय करता है कि वैज्ञानिक लेखों की गुणवत्ता और प्रमाणिकता उच्च स्तर की बनी रहे।
संस्थान में जश्न और हर्ष का माहौल
इन दोनों प्राध्यापकों की इस गौरवशाली उपलब्धि से पूरे आईआईटी (बीएचयू) परिवार में हर्ष और उत्साह का माहौल है। संस्थान के वरिष्ठ अधिकारियों, शिक्षकों और विद्यार्थियों ने डॉ. संजय सिंह और डॉ. प्रांजल चंद्र को इस सफलता पर हार्दिक बधाई दी है।
शिक्षाविदों का मानना है कि इस प्रकार की नियुक्तियां देश के वैज्ञानिक और शोध परिदृश्य में संस्थान की सक्रिय और मजबूत भागीदारी को रेखांकित करती हैं। साथ ही, यह आईआईटी (बीएचयू) के अन्य शोधार्थियों और युवाओं को भी वैश्विक स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने के लिए प्रेरित करेंगी। इस ऐतिहासिक उपलब्धि से काशी हिन्दू विश्वविद्यालय की शोध संस्कृति का गौरव एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर प्रखर रूप से उभरा है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

