दिल्ली में तेजी से बढ़ रहे स्वाइन फ्लू के केस के बीच लखनऊ में एक महिला की मौत के बाद सरकार गंभीर हो गई है। शासन ने मेडिकल कालेज, जिला अस्पताल सहित सभी अस्पतालों को हाई अलर्ट मोड पर रहने का निर्देश दिया। ओपीडी में आने वाले स्वाइन फ्लू के संभावित लक्षण वाले मरीजों की जांच करवाने का निर्देश दिया है।
शनिवार सुबह उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए व्यवस्थाओं की जानकारी ली। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में मिले निर्देश के बाद लाला लाजपत राय मेडिकल कॉलेज में फ्लू ओपीडी शुरू करते हुए रोजाना का रिकॉर्ड लखनऊ भेजा जाएगा। लाला लाजपत राय मेडिकल कालेज, जिला अस्पताल में आइसोलेशन वार्ड की व्यवस्थाएं चुस्त-दुरुस्त कर दी गई हैं।मेडिकल कालेज में गंभीर मरीजों के लिए स्वाइन फ्लू वार्ड में 20 बेड रिजर्व किए गए हैं। एक बेड पर वेंटीलेटर की सुविधा दी गई है। पीएल शर्मा जिला अस्पताल में भी 10 बेड रिजर्व किए गए हैं। मेडिकल कालेज के माइक्रोबायोलाजी लैब में एच 1 एन 1 की आरटी-पीसीआर जांच की जा रही है। यहां पर संदिग्ध मरीजों के सैंपल लेकर भेजने का निर्देश सभी अस्पतालों को दिया गया है।अभी तक शहरी क्षेत्र से प्रेम प्रयाग कालोनी गढ़ रोड, सराज जीना गुदड़ी बाजार, नेहरू नगर, मलियाना, जागृति विहार और ग्रामीण क्षेत्र से जानी खुर्द, हस्तिनापुर, पिलोना गांव, जनजोखर से स्वाइन फ्लू के मरीज सामने आए हैं। सीएमओ डा. राम प्रसाद ने लोगों से अपील की है कि सर्दी-जुकाम और खांसी जैसे लक्षण दिखाई देने पर तत्काल जांच कराएं। ताकि समय रहते इलाज शुरू हो सके।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

