कभी आतंक का गढ़ कहा जाने वाला और आतंकी हिंसा से प्रभावित पुलवामा में इन दिनों युवाओं पर क्रिकेट का खुमार चढ़ा है। डे-नाइट क्रिकेट टूर्नामेंट में हजारों की भीड़ कश्मीर में बदलाव की असलियत दिखा रही है। शुक्रवार को भी पुलवामा स्टेडियम में ‘रॉयल प्रीमियर लीग’ के तहत खेले गए मैच में घाटी के क्रिकेटरों ने दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं।
जमकर थी भीड़
भीड़ इतनी थी कि कुछ दर्शकों ने डिग्री कॉलेज की दीवार पर चढ़कर मैच का लुत्फ उठाया। रात करीब आठ बजे फ्लड लाइट्स जलते ही स्टेडियम तेज आवाजों से गूंज उठा। कई युवा ढोल पर तो कई डीजे पर थिरक रहे थे। चौकों-छक्कों पर तालियों की गूंज घाटी के बदलते माहौल और युवाओं की बदलती पसंद की कहानी कह रही थी।
आयोजन सफल रहने की है उम्मीद
आयोजक इरफान सरकार ने कहा, हमें उम्मीद है कि यह आयोजन सफल रहेगा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपने कार्यक्रम ‘मन की बात’ में भी इस लीग के पहले संस्करण का जिक्र किया था। यह दिखाता है कि कश्मीर की नई पीढ़ी देशभक्ति की भावना के साथ नई उम्मीदों की ओर बढ़ रही है। क्रिकेट प्रेमी मुदस्सर ने कहा कि स्टेडियम में युवाओं और परिवारों का उमड़ना साबित करता है कि घाटी अब शांति, खेल और प्रगति की राह चुन चुकी है। अब हमारे युवा किसी के बहकावे में नहीं आने वाले। हमें तालीम के साथ तरक्की भी चाहिए।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

