एलपीजी सिलिंडर के घरेलू उपभोक्ताओं के लिए ई-केवाईसी कराना अब अनिवार्य हो गया है। निर्धारित अंतिम तिथि 15 अगस्त तक बायोमीट्रिक सत्यापन व ई-केवाईसी न कराने वाले उपभोक्ताओं को सब्सिडी का लाभ नहीं मिलेगा। अब ऐसे उपभोक्ताओं को घरेलू गैस सिलिंडर भी व्यवसायिक यानी बाजार मूल्य की दर पर खरीदना पड़ेगा।
जो घरेलू सिलेंडर 14.2 किलो का 996.50 रुपये में मिल जा रहा है उसके व्यवसायिक हो जाने पर 2912.00रुपये देना होगा।( कीमत हर माह निर्धारित होती है)। वहीं एजेंसियों पर व्यवसायिक सिलेंडर नही बिक रहे है।
जिले में इंडेन की कुल 18 गैस एजेंसियों पर 2,11,145 एलपीजी उपभोक्ता पंजीकृत हैं। इनमें से वर्तमान में 71,845 ग्राहकों का ई-केवाईसी सत्यापन लंबित है। कर्नलगंज स्थित मनोकामना गैस एजेंसी की ही बात करें, तो यहां कुल 27,778 पंजीकृत उपभोक्ताओं में से लगभग 10,000 ग्राहकों की केवाईसी प्रक्रिया अब तक पूरी नहीं हो सकी है।
KYC जल्द कराना जरूरी
एजेंसी संचालक नीरज अरोड़ा का कहना है कि समय कम है इसके बावजूद भी पूरी कोशिश की जा रही है कि जल्द केवाईसी पूरी कर ली जाए। वहीं केवल इंडेन ही नहीं, बल्कि जिले में बीपीसीएल की 48 एजेंसियों में 4 लाख 67 हजार उपभोक्ता है जहां 74 हजार केवाईसी होना है।
इंडेन के जिला विक्रय प्रबन्धक नकुल कैन व बीपीसीएल के अंकित जोनवाल का कहना है कि गैस एजेंसियों के संचालकों को जल्द से जल्द सत्यापन कराने के निर्देश है। उपभोक्ता अपनी संबंधित गैस एजेंसी पर जाकर आधार कार्ड और बायोमीट्रिक सत्यापन के माध्यम से ई-केवाईसी करा सकते हैं।
इसके अतिरिक्त, उपभोक्ता घर बैठे भी संबंधित कंपनी के मोबाइल ऐप के आधिकारिक पोर्टल/ऐप के माध्यम से अपनी पहचान से जुड़े दस्तावेज अपलोड करके ऑनलाइन सत्यापन पूरा कर सकते हैं।
जिलापूर्ति अधिकारी कुँवर दिनेश प्रताप सिंह का कहना है कि सभी वितरकों से कहा गया है कि 15 अगस्त के बाद बिना ई-केवाईसी वाले उपभोक्ताओं का कनेक्शन अस्थायी रूप से सब्सिडी श्रेणी से बाहर कर दिया जाएगा।
सब्सिडी का लाभ निरंतर प्राप्त करने और व्यवसायिक रेट के अतिरिक्त वित्तीय बोझ से बचने के लिए समय रहते अपना ई-केवाईसी सत्यापन पूरा कराना बेहद आवश्यक है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

