हापुड़ में कांवड़ मार्ग पर तैनात हुईं 7 बाइक एंबुलेंस, तुरंत मिलेगा प्राथमिक उपचार

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 सावन माह में कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को त्वरित स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए शुक्रवार को जिले में बाइक एंबुलेंस सेवा शुरू कर दी गई। जिलाधिकारी कविता मीना ने कलेक्ट्रेट परिसर से सात बाइक एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

इनका उद्देश्य भीड़-भाड़ वाले मार्गों पर घायल या बीमार कांवड़ियों तक सबसे पहले पहुंचकर प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराना और आवश्यकता पड़ने पर उन्हें नजदीकी सीएचसी या पीएचसी तक सुरक्षित पहुंचाना है।

जिले में कांवड़ियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ब्रजघाट से गंगाजल लेकर बरेली, अलीगढ़, मुरादाबाद, पीलीभीत, शाहजहांपुर समेत कई जिलों के श्रद्धालु अपने गंतव्य की ओर बढ़ रहे हैं।

भारी भीड़ के कारण कई बार सामान्य एंबुलेंस घटनास्थल तक समय पर नहीं पहुंच पाती हैं। ऐसे में बाइक एंबुलेंस संकरी और भीड़भाड़ वाली सड़कों से तेजी से गुजरकर तत्काल राहत पहुंचाएंगी।

कांवड़ियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सर्वोच्च प्राथमिकता

जिलाधिकारी कविता मीना ने कहा कि कांवड़ियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। भीड़ के कारण यदि बड़ी एंबुलेंस को पहुंचने में देरी होती है तो, बाइक एंबुलेंस जीवनरक्षक साबित होंगी।

उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी बाइक एंबुलेंस पूरी तरह उपकरणों और आवश्यक दवाओं से सुसज्जित रहें और प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी हर समय तैनात रहें।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाक्टर किशोर कुमार आहुजा ने बताया कि जिले में फिलहाल सात बाइक एंबुलेंस संचालित की गई हैं। इनमें प्राथमिक उपचार की सभी आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराई गई है।

किसी भी आपात स्थिति में स्वास्थ्यकर्मी मौके पर पहुंचकर मरीज को प्राथमिक उपचार देंगे और जरूरत पड़ने पर उसे नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या एंबुलेंस तक पहुंचाएंगे। इस व्यवस्था से कांवड़ यात्रा के दौरान आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं पहले की तुलना में अधिक तेज और प्रभावी होंगी।

तीन एंबुलेंस चालक ने नहीं लगाया हेलमेट

जिले में कांवड़ियों की मदद के लिए स्वास्थ्य विभाग ने बाइक एंबुलेंस सेवा शुरू की है, लेकिन सात में केवल चार ने हेलमेट लगाया है, जबकि तीन एंबुलेंस बाइक चालकों ने हेलमेट नहीं लगाया है।

लोगों का कहना है कि प्रशासन को इस संबंध में उनको जागरूक करना चाहिए, कांवड़ियों के साथ-साथ उनकी सुरक्षा भी सर्वोपरी है।

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