पटना हाईकोर्ट में गुरुवार और शुक्रवार दो ऐतिहासिक दिनों के गवाह बने।
एक ओर मुख्य न्यायाधीश संगम कुमार साहू ने भावुक शब्दों के साथ न्यायपालिका को अलविदा कहा, तो दूसरी ओर नई मुख्य न्यायाधीश मीनाक्षी एम राय के स्वागत की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
इस बदलाव को न्यायिक व्यवस्था में एक महत्वपूर्ण अध्याय के रूप में देखा जा रहा है।
भावुक विदाई ने नम कर दीं आंखें
पटना हाईकोर्ट के शताब्दी हाल में आयोजित विदाई समारोह में मुख्य न्यायाधीश संगम कुमार साहू ने कहा, “मेरे लिए यह अदालत महज एक कार्यालय नहीं, बल्कि एक मंदिर था।”
उनके इस वक्तव्य ने पूरे सभागार को भावुक कर दिया। न्यायाधीशों, अधिवक्ताओं और न्यायिक अधिकारियों से भरे हाल में कई लोगों की आंखें नम हो गईं।
पांच महीने के कार्यकाल को बताया यादगार
अपने संबोधन में न्यायमूर्ति साहू ने कहा कि पटना हाईकोर्ट में बिताया गया समय उनके जीवन के सबसे महत्वपूर्ण अनुभवों में से एक रहा।
उन्होंने कहा कि अपने पांच महीने के कार्यकाल में उन्होंने न्यायिक व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए हर संभव प्रयास किया। उन्होंने अदालत से अपने जुड़ाव को प्रशासनिक नहीं, बल्कि भावनात्मक रिश्ता बताया।
ओडिशा से पटना तक का
न्यायिक सफर
5 जनवरी 1964 को जन्मे संगम कुमार साहू ने कटक में अपनी शिक्षा पूरी की और 1989 में अधिवक्ता के रूप में वकालत शुरू की।
आपराधिक और सेवा मामलों के विशेषज्ञ रहे साहू ने 7 जनवरी 2025 को पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश का पदभार संभाला था।
उनके कार्यकाल को सादगी, अनुशासन और न्यायिक प्रतिबद्धता के लिए याद किया जाएगा।
अब मीनाक्षी एम राय के हाथों में कमान
मुख्य न्यायाधीश साहू की सेवानिवृत्ति के बाद अब न्यायमूर्ति मीनाक्षी एम राय पटना हाईकोर्ट की नई मुख्य न्यायाधीश बनेंगी।
उनके सम्मान में शुक्रवार को फुल कोर्ट वेलकम रेफरेंस आयोजित किया जाएगा, जिसमें न्यायाधीशों, वरिष्ठ अधिवक्ताओं और बार संघों के प्रतिनिधि शामिल होंगे।
सिक्किम की पहली महिला सिविल जज से मुख्य न्यायाधीश तक
12 जुलाई 1964 को जन्मी मीनाक्षी एम राय ने दिल्ली विश्वविद्यालय से उच्च शिक्षा प्राप्त की।
वर्ष 1990 में वह सिक्किम न्यायिक सेवा में न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी सह सिविल जज नियुक्त हुईं और इस पद पर पहुंचने वाली सिक्किम की पहली महिला बनीं।
उन्होंने जिला एवं सत्र न्यायाधीश, रजिस्ट्रार जनरल और विशेष न्यायाधीश जैसे कई अहम पदों पर काम किया है।
एक विदाई, एक स्वागत और न्यायपालिका की नई शुरुआत
पटना हाईकोर्ट में यह सिर्फ नेतृत्व परिवर्तन नहीं, बल्कि एक नई न्यायिक यात्रा की शुरुआत भी है।
जहां संगम कुमार साहू ने अदालत को ‘मंदिर’ बताते हुए भावुक विदाई ली, वहीं मीनाक्षी एम राय के रूप में अदालत को एक अनुभवी और सशक्त नेतृत्व मिलने जा रहा है।
न्यायिक गलियारों में अब नई मुख्य न्यायाधीश से सुधार, पारदर्शिता और न्यायिक दक्षता को लेकर नई उम्मीदें जुड़ गई हैं।



