बरसत रोड स्थित वतन सिंह कॉलोनी में एक निजी कंपनी द्वारा मोबाइल टावर लगाने की प्रक्रिया शुरू किए जाने से कॉलोनीवासियों में भारी रोष फैल गया है। विरोध स्वरूप स्थानीय निवासियों ने शनिवार को अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया और टावर को तत्काल हटाने की मांग उठाई।
मामले की जानकारी देते हुए एडवोकेट जेपी शेखपुरा, स्थानीय निवासी जसवंत सिंह, नाथूराम कश्यप सहित अन्य कॉलोनीवासियों ने बताया कि कॉलोनी के बीच खाली पड़े प्लॉट में एक कंपनी द्वारा मोबाइल टावर लगाने का कार्य शुरू किया गया है। इसे लेकर आसपास रहने वाले लोगों में चिंता और नाराजगी का माहौल है।
कॉलोनीवासियों का कहना है कि टावर लगने से क्षेत्र में रहने वाले छोटे बच्चों, बुजुर्गों और पशुओं के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। वहीं आसपास दो निजी स्कूल होने के कारण अभिभावकों में भी चिंता बढ़ गई है। लोगों ने आशंका जताई कि टावर से निकलने वाली तरंगों से गंभीर बीमारियों का खतरा उत्पन्न हो सकता है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि इस संबंध में उन्होंने गत 11 मई को कॉलोनी के पार्षद सोमनाथ से बातचीत की थी। इसके अलावा टावर लगाने वाले ठेकेदार से भी विरोध दर्ज कराया गया था। उस समय उन्हें आश्वासन दिया गया था कि कॉलोनी के बीच टावर नहीं लगाया जाएगा। आरोप है कि शनिवार और रविवार की छुट्टियों का फायदा उठाकर कंपनी ने दोबारा खाली प्लॉट में टावर लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी।
जैसे ही इसकी सूचना कॉलोनीवासियों को मिली, बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्रित हो गए और धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने टावर लगाने की प्रक्रिया तत्काल बंद करने और इसे यहां से हटाने की मांग की।
कॉलोनीवासियों का कहना है कि इस मामले को लेकर वे विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण, एसडीएम घरौंडा तथा नगर पालिका घरौंडा को भी लिखित शिकायत दे चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद टावर लगाने की प्रक्रिया नहीं रोकी गई। इसे लेकर लोगों में प्रशासन और संबंधित कंपनी के प्रति गहरा रोष व्याप्त है।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि जब तक कॉलोनी के बीच से मोबाइल टावर लगाने का कार्य पूरी तरह बंद नहीं किया जाता, तब तक उनका अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा। फिलहाल मौके पर स्थिति तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में बनी हुई है।


