बेसिक शिक्षा विभाग के मिड डे मील के जिला समन्वयक निश्चय सिंह व सहायक लेखाकार अरुण कुमार 10 हजार रुपये रिश्वत लेते पकड़ा गया। इन दोनों ने वेतनवृद्धि बहाली के नाम पर शिक्षिका से रिश्वत मांगी थी।
उनकी शिकायत पर सोमवार को बरेली से आई विजिलेंस टीम ने कार्रवाई की, उस समय बीएसए दिव्या गुप्ता कार्यालय में मौजूद थीं। उन्होंने मीटिंग में होने की बात कहते हुए गेट नहीं खोला। देर शाम विजिलेंस टीम दोनों आरोपितों को थाने ले गई।
शिक्षक की वेतनवृद्धि को बहाल कराने के नाम पर मांगे से 10 हजार रुपये
संविलियन विद्यालय पैना बुजुर्ग में तैनात सहायक अध्यापक रेनू शुक्ला ने बताया कि 20 अगस्त 2025 को भावलखेड़ा ब्लाक के खंड शिक्षाधिकारी विनय मिश्रा ने निरीक्षण किया था। वह 10 मिनट देरी से विद्यालय पहुंची थीं, लेकिन उन्हें अनुपस्थित दिखाते हुए रिपोर्ट बीएसए दिव्या गुप्ता को भेज दी गई। उन्होंने वेतनवृद्धि रोक दी थी।
इस मामले में सहायक लेखाकार अरुण कुमार से संपर्क किया तो उसने वेतनवृद्धि बहाल कराने के बदले रुपये मांगे। उसे रिश्वत देने से इनकार किया, जिसके बाद कार्यालय में कोई मेरी बात सुनने को तैयार नहीं था।
बरेली की विजिलेंस टीम ने की कार्रवाई, बीएसए ने नहीं खोला कार्यालय का गेट
कुछ दिन पूर्व अरुण कुमार ने फिर से संपर्क साधा। उसने कहा कि मिड डे मील के जिला समन्वयक निश्चय सिंह के जरिए मामले को रफा दफा करा देगा। उन लोगों ने 10 हजार रुपये मांगे, जिसकी जानकारी बरेली में विजिलेंस कार्यालय में दी। विजिलेंस अधिकारियों के कहने पर सोमवार को कार्यालय पहुंचकर अरुण व निश्चय को जैसे ही रुपये दिए, टीम ने रंगेहाथ पकड़ लिया। दोनों को सदर बाजार थाने ले जाया गया।
दोनों आरोपितों से होगी पूछताछ
सीओ सिटी पंकज पंत ने बताया कि रिश्वत के आरोप में पकड़े गए दोनों आरोपितों से पूछताछ की जा रही है। इस प्रकरण में विजिलेंस टीम की ओर से प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। टीम दोनों आरोपितों को बरेली ले जाएगी। इस संबंध में पक्ष जानने के लिए बीएसए दिव्या गुप्ता को फोन काल की गई, लेकिन रिसीव हुई।


