राजकीय मेडिकल कालेज जम्मू में हृदय रोग विभाग के एचओडी डॉ. सुशील शर्मा ने कहा कि मधुमेहइ और कार्डियो मेटाबोलिक रोग आधुनिक चिकित्सा में सबसे महत्वपूर्ण और परस्पर जुड़े हुए रोग हैं। ये दोनों बीमारियां केवल साथ-साथ नहीं होतीं, बल्कि समान जोखिम कारणों, जैविक प्रक्रियाओं और एक-दूसरे को बढ़ाने वाले प्रभावों के कारण गहराई से जुड़ी हैं।
गुरुद्वारा सिंह सभा नानक नगर में आयोजित कैंप में उन्होंने कहा कि मधुमेह, खासकर टाइप-2, हृदय रोगों के लिए एक बड़ा जोखिम कारण है। बढ़ा हुआ ब्लड शुगर रक्त वाहिकाओं को नुकसान पहुंचाता है, जिससे दिल का दौरा, स्ट्रोक और हार्ट फेलियर जैसी समस्याओं का खतरा बढ़ जाता है।
किडनी फेल्योर का जोखिम दो-गुना बढ़ा
मधुमेह से पीड़ित लोगों में हृदय रोग से मृत्यु का खतरा लगभग दोगुना होता है और टाइप-2 मरीजों में हृदय रोग मौत का प्रमुख कारण है। मोटापा, उच्च रक्तचाप, असामान्य कोलेस्ट्राल और सूजन जैसे कारण इस संबंध को और मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि केवल शुगर कंट्रोल करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्राल और जीवनशैली में सुधार भी जरूरी है।
गुरुद्वारा सिंह सभा प्रबंधन समिति और सिख एम्पैथी एंड वेलफेयर एसोसिएशन के सदस्यों जगपाल सिंह, सोमनाथ सिंह, हरविंदर सिंह, तजिंदर वज़ीर, सतवंत सिंह रिस्सम, हरपिंदर सिंह, संदीप सिंह, मनजीत सिंह और अंगदप्रीत सिंह ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे समुदाय के लिए अत्यंत उपयोगी बताया। इस शिविर में डा. वेंकटेश येल्लुपु, डा. भोला कुमार और डा. आदर्श शर्मा सहित कई अन्य डाक्टरों ने भी भाग लिया।
इनसे कम किया जा सकता है खतरा
डॉ. सुशील ने बताया कि नियमित व्यायाम, संतुलित आहार, वजन नियंत्रण और तनाव प्रबंधन से इन बीमारियों के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है। अपने निष्कर्ष में उन्होंने कहा कि रोकथाम, शुरुआती जांच और समग्र उपचार रणनीति अपनाकर इन बीमारियों से होने वाले जोखिम को कम किया जा सकता है, जिससे लोगों की आयु और जीवन की गुणवत्ता में सुधार संभव है।
इन स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने दिया सहयोग
वहीं पैरामेडिक्स और स्वयंसेवकों में कमल शर्मा, राजकुमार, रणजीत सिंह, शुभम शर्मा, गोकुल जम्वाल, मुकेश कुमार, मनिंदर सिंह, अनमोल सिंह, रोहित नैय्यर, गुरप्रीत सिंह, मक्खन शर्मा, मोहम्मद अल्ताफ, गौरव शर्मा, विकास कुमार, राजिंदर सिंह, हरविंदर सिंह, मोहम्मद सज्जाद और निरवैर सिंह बाली शामिल थे।


