ऑयल कंपनियों के अधिकारियों की लचर कार्यशैली का फायदा गैस एजेंसियां उठा रही हैं। सिलिंडरों की कालाबाजारी और गैस रिफिलिंग की जांच आपूर्ति विभाग की टीम पूरी नहीं कर सकी है। एजेंसियों एक और फर्जीबाड़ा सामने आया है।
उपभोक्ताओं ने सिलिंडर की बुकिंग नहीं कराई। उनके घरों में कोई भी सिलिंडर भी नहीं पहुंचा लेकिन मोबाइल पर सिलिंडरों की डिलीवरी का मैसेज पहुंच रहे हैं। विभागीय अफसरों के पास अब तक आधा दर्जन से अधिक शिकायतें पहुंच चुकी हैं। जिसकी जांच शुरू हो गई है।
विभाग ने आयल कंपनियों से भी इसकी जानकारी मांगी है कि आखिर बिना उपभोक्ता द्वारा सिलिंडर बुक कराए किस तरीके किसी अन्य उपभोक्ता को सिलिंडर भेजा जा सकता है।
आपूर्ति विभाग कार्यालय में पहुंची आधा दर्जन से अधिक शिकायतें, जांच शुरू
जिले की 84 गैस एजेंसियों में 13.57 लाख उपभोक्ता हैं। सात लाख उपभोक्ता इंडियल आयल कारपोरेशन और बाकी उपभोक्ता हिंदुस्तान पेट्रोलियम व भारत पेट्रोलियम कारपोरेशन के हैं। एलपीजी कनेक्शन लेने के दौरान उपभोक्ताओं को बुक दी जाती है। कनेक्शन नंबर सहित अन्य जानकारी होती है।
प्रत्येक उपभोक्ता का आधार कार्ड भी कनेक्शन से लिंक है। उपभोक्ता द्वारा ही सिलिंडर की बुकिंग कराई जा सकती है। मगर, आधा दर्जन से अधिक प्रकरण ऐसे आए हैं जिसमें उपभोक्ताओं ने सिलिंडर की बुकिंग नहीं कराई है।
तीनों आयल कंपनियों से मांगी गई जानकारी, एजेंसियों ने किस तरीके से बुक किया घरेलू सिलिंडर
रामबाग के एके अग्रवाल का कनेक्शन पास की एक गैस एजेंसी में है। उन्होंने बताया कि आखिरी बार एक फरवरी को सिलिंडर की बुकिंग कराई थी। पिछले सप्ताह सिलिंडर की बुकिंग कराई तो नहीं हुई। मोबाइल पर सिलिंडर एक अप्रैल के बाद बुकिंग करने का मैसेज आया।
एजेंसी कार्यालय गए तो पता चला कि एक सिलिंडर की बुकिंग और फिर डिलीवरी हो चुकी है। उपभोक्ता वीर कुमार ने बताया कि बिना गैस बुकिंग के सिलिंडर की डिलवरी का मैसेज मोबाइल नंबर पर पहुंचा। एजेंसी के कर्मचारियों ने सुनवाई करने से इनकार कर दिया।
डीएसओ आनंद सिंह ने बताया कि अब तक छह से अधिक उपभोक्ताओं की शिकायतें मिल चुकी हैं। जिसकी जांच शुरू कर दी गई है।
24 हजार सिलिंडरों की हुई डिलीवरी
सोमवार को तीनों आयल कंपनियों के पोर्टल में 22 हजार उपभोक्ताओं ने घरेलू सिलिंडर की बुकिंग कराई। इसके मुकाबले 24 हजार सिलिंडरों की डिलीवरी हुई। 19 किग्रा के कमर्शियल सिलिंडर की 4279 और साढ़े 47 किग्रा के 418 सिलिंडरों की डिलीवरी हुई है।
8.41 लाख लीटर पेट्रोल और 15.15 लाख लीटर डीजल की बिक्री
पेट्रोल और डीजल की मारामारी की अफवाह का असर सोमवार को खत्म हो गया। जिले में 8.41 लाख लीटर पेट्रोल और 15.15 लाख लीटर डीजल की बिक्री हुई। आपूर्ति विभाग की टीम ने आधा दर्जन से अधिक पंपों की जांच की। अफवाह के चलते पिछले सप्ताह पेट्रोल पंपों में हर दिन भीड़ जुट रही थी। डीएसओ आनंद सिंह ने बताया कि पेट्रोल पंपों में नजर रखी जा रही है।
बिल न जमा करने पर 10 हजार उपभोक्ताओं को नोटिस
शहर में 1.05 लाख पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) उपभोक्ता हैं। 75 हजार उपभोक्ताओं के कनेक्शन संचालित हैं। इसमें 65 हजार उपभोक्ता समय पर बिल की अदायगी कर रहे हैं।
छह माह से 10 हजार उपभोक्ताओं ने बिल जमा नहीं किया है। जिसपर ग्रीन गैस कंपनी ने संबंधित उपभोक्ताओं को नोटिस जारी किया है। नोटिस अवधि में बिल जमा न करने वाले उपभोक्ताओं के कनेक्शन बंद हो जाएंगे। दोबारा कनेक्शन चालू करवाने के लिए फिर से आवेदन करना पड़ेगा।


