महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री अजित पवार से जुड़े विमान दुर्घटना मामले में बेंगलुरु में शून्य एफआइआर दर्ज किया गया है। कर्नाटक पुलिस ने बुधवार को एफआइआर को महाराष्ट्र पुलिस विभाग को सौंप दिया।
मामले की फाइल और संबंधित दस्तावेज भी स्थानांतरण के तहत भेज दिए गए हैं। कर्नाटक पुलिस ने महाराष्ट्र पुलिस से अनुरोध किया है कि मामले को महाराष्ट्र के पुणे जिले के बारामती ग्रामीण पुलिस स्टेशन में स्थानांतरित कर दिया जाए।
कर्नाटक के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजीपी) पी. हरिशेकरन ने इस संबंध में महाराष्ट्र के पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखा है।
बेंगलुरु में दर्ज की गई शून्य एफआइआर में महाराष्ट्र के बारामती हवाई अड्डे के पास 28 जनवरी, 2026 को हुए विमान हादसे के पीछे एक बड़ी आपराधिक साजिश का आरोप लगाया गया है, जिसमें अजीत पवार और चार अन्य लोगों की मौत हो गई थी।
अजित पवार के भतीजे विधायक रोहित पवार द्वारा 23 मार्च को हाई ग्राउंड्स पुलिस स्टेशन में दर्ज कराई गई शिकायत में दावा किया गया है कि यह दुर्घटना अजीत पवार की हत्या की सुनियोजित साजिश का नतीजा थी। इसमें अपराध के लिए जिम्मेदार सभी लोगों को आरोपित बनाने की भी मांग की गई है।
राहुल गांधी की सलाह पर बेंगलुरु में एफआईआर: रोहित
इस मामले में विधायक रोहित पवार ने कहा कि अजीत पवार विमान दुर्घटना मामले में सभी चाहते थे कि एफआइआर दर्ज हो। इसलिए हम मुंबई गए थे, लेकिन वहां जीरो एफआइआर दर्ज नहीं किया गया।
इसके बाद हम बारामती और सीआइडी के पास गए। इन तीनों जगह जीरो एफआइआर नहीं दर्ज किया गया। इसके बाद कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के साथ मुलाकात हुई।
उन्हें सलाह दी गई थी कि वे अजित पवार के विमान दुर्घटना से संबंधित अपनी शिकायत को ऐसे राज्य में ले जाएं जहां उन्हें न्याय मिल सके, जिसके बाद कर्नाटक के बेंगलुरु में जीरो एफआइआर’ दर्ज की गई। अब बारामती में इसी आधार पर जांच की जाएगी।


