शिक्षा के अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत चरण दर चरण प्रवेश के लिए आवेदन में आमजन की दिलचस्पी कम होती जा रही है। पहले चरण में जहां कुल 4694 आवेदन आए थे, तो दूसरे चरण में 2531 आवेदन आए वहीं तीसरे और अंतिम चरण में अभी तक सिर्फ 678 आवेदन ही आ पाए।
तीसरे चरण के आए आवेदनों में से केवल 200 का ही सत्यापन हो सका है और इसमें से 15 के आवेदन विभिन्न कारणों से रिजेक्ट कर दिए गए हैं। आरटीई के तहत प्रवेश लेने में अभिभावकों को होने वाली परेशानियां लोगों की दिलचस्पी कम कर रही है।
बता दें कि जिलाधिकारी मेधा रूपम ने बैठक में आरटीई के तहत प्रवेश प्रकिया शुरू होते ही शिक्षा विभाग के अधिकारियों, आरडब्ल्यूए टीम, एओए अध्यक्ष के अलावा नगर पंचायत के साथ मिलकर जागरूकता लाने के लिए दिशा निर्देश दिए थे।
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ गौतमबुद्ध जिलाध्यक्ष प्रवीन शर्मा ने बताया कि आरटीई के तहत सीट अलाट होने के बाद भी शहर के निजी स्कूल मनमानी के चलते प्रवेश नहीं देते हैं। स्कूल विभिन्न तरह के बहाने बता देते हैं और प्रवेश के लिए टरका देते हैं।
इससे आवेदकों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। एक अभिभावक ने बताया कि निजी स्कूलों की मनमानी के कारण लोग परेशान होकर आरटीई के तहत आवेदन करना कम कर रहे हैं, जबकि बढ़ती जनसंख्या के हिसाब से इनका आवेदन बढ़ना चाहिए। सरकार और विभाग को संज्ञान लेकर इनके खिलाफ उचित कार्रवाई करने की जरूरत है।
पिछले पांच वर्ष की स्थिति
| सत्र | आवंटित सीटें | प्रवेश |
|---|---|---|
| 2019–20 | 4500 | 2800 |
| 2020–21 | 3888 | 3000 |
| 2022–23 | 5600 | 3653 |
| 2023–24 | 5558 | 3840 |
| 2024–25 | 5061 | 4006 |
2024-25 में आरटीई के तहत आवेदन और आवंटित सीटें
| चरण | आवेदन | आवंटित सीटें |
|---|---|---|
| पहला | 5810 | 2563 |
| दूसरा | 3891 | 1561 |
| तीसरा | 1602 | 662 |
| चौथा | 506 | 275 |
वर्ष 2025-26 में चरणबद्ध आए आंकड़ों पर नजर
| चरण | आवेदन | निरस्त आवेदन | पास आवेदन | एलाट सीट | नहीं मिली सीट |
|---|---|---|---|---|---|
| पहला | 4694 | 1738 | 2956 | 2231 | 734 |
| दूसरा | 2531 | 702 | 1829 | 1276 | 553 |
| तीसरा | 678 | 15 | — | — | — (22 मार्च तक) |
अभी तीसरे चरण की आवेदन प्रकिया चल रही है। अभी और आवेदन आएंगे। जितने भी लोगों को सीट एलाट हुई है, कोशिश रहेगी की सभी को प्रवेश दिलाया। मनमानी करने वाले स्कूलों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।


