टीवीके के प्रमुख विजय ने विधानसभा चुनाव से पहले तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि स्टालिन के असली दोस्त रिश्वत और भ्रष्टाचार हैं और आगामी चुनाव विजय और स्टालिन के बीच युद्ध होगा।
वेल्लोर में पार्टी पदाधिकारियों की बैठक को संबोधित करते हुए उन्होंने डीएमके सरकार को जनविरोधी और अक्षम बताया।
‘मुख्यमंत्री का कोई दुश्मन नहीं होता’
एमके स्टालिन के इस बयान का हवाला देते हुए कि राजनीति में मुख्यमंत्री का कोई दुश्मन नहीं होता और सभी उनके दोस्त हैं, विजय ने कहा कि यदि दोस्ती की बात सही है, तो 27 सितंबर 2025 की करूर रैली में भगदड़ के बाद उनकी सभाओं को अनुमति क्यों नहीं दी गई।
उन्होंने विपक्षी दलों पर एकजुट होकर उन्हें घेरने का आरोप लगाया, लेकिन दावा किया कि असली मुकाबला केवल डीएमके और टीवीके के बीच है। विजय ने बड़े नेताओं को अपनी संपत्ति और आय के स्त्रोत सार्वजनिक करने की चुनौती दी और खुद को भ्रष्टाचार के खिलाफ व्हिसलब्लोअर बताया।
उन्होंने शिक्षा सुधार और सरकारी स्कूलों में बेहतर सुविधाओं का वादा भी किया। डीएमके नेता टीकेएस एलंगोवन ने पलटवार करते हुए विजय के आरोपों को निराधार बताया।


