गोरखपुर में फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र से संपत्ति हड़पने की कोशिश, एक आरोपित गिरफ्तार

3.2kViews
1358 Shares

 फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र से संपत्ति हड़पने की कोशिश करने वाले एक आरोपित को एम्स पुलिस ने बुधवार को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपित की पहचान झरना टोला, टीचर कालोनी निवासी गया प्रसाद यादव के रूप में हुई है। पूछताछ के बाद आरोपित को पुलिस ने न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया। वहीं फर्जी प्रमाण पत्र बनाने के मामले में पुलिस को नगर निगम कर्मियों की भूमिका भी संदिग्ध मिली है। पुलिस उसकी भी जांच करेगी।

थाना प्रभारी संजय मिश्रा ने बताया कि देवरिया जिले के रुद्रपुर थाना के सोनबह गांव निवासी ओम प्रकाश यादव ने इस मामले में केस दर्ज कराया था। आरोप लगाया था कि उनके परिवार की पहचान और संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की नीयत से उनके पट्टीदार योगेंद्र प्रताप यादव और गया प्रसाद यादव ने 12 अप्रैल 2019 को फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कराया था।

यह फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र नगर निगम गोरखपुर से जारी कराया गया था, जिसे जांच के बाद 14 दिसंबर 2020 को निरस्त कर दिया गया। इसके बावजूद आरोपितों ने 18 अक्टूबर 2020 को दोबारा फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कराया, जिसे नगर निगम ने 13 अप्रैल 2023 को भी निरस्त कर दिया।

यह भी पढ़ें- नए साल में गोरखपुर शहर के नाम जुड़ेगा एक और पर्यटन केंद्र, ले सकेंगे बोटिंग का मजा

पीड़ित का आरोप था कि बार-बार फर्जी दस्तावेज तैयार कर उसकी पहचान खत्म करने और संपत्ति हड़पने का प्रयास किया गया। इस मामले में ओम प्रकाश यादव ने 20 नवंबर को एम्स थाने में अपने पट्टीदारों के साथ ही नगर निगम के सुपरवाइजर और अन्य अधिकारियों के विरुद्ध भी मुकदमा दर्ज कराया था।

पुलिस ने मामले की विवेचना के दौरान बुधवार को गया प्रसाद यादव को गिरफ्तार कर लिया। दूसरे आरोपित की तलाश जारी है। साथ ही फर्जी प्रमाण पत्र जारी करने में नगर निगम के कर्मचारियों और अधिकारियों की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *