भूकंप के तेज झटकों से दहला ये देश, रिक्टर स्केल पर 5.7 रही तीव्रता…दहशत में लोग
फिलीपींस के मध्य हिस्से में रविवार रात एक बार फिर भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। अमेरिकी भूगर्भ सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार, यह भूकंप लेयते द्वीप (Leyte Island) के पास स्थानीय समयानुसार शाम करीब 5:05 बजे आया। रिक्टर पैमाने पर इसकी तीव्रता 5.7 मापी गई और इसका केंद्र टाम्बोंगन (Tambongon) से करीब 2 किलोमीटर दक्षिण-दक्षिण-पूर्व में 10 किलोमीटर की गहराई पर स्थित था।
स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, झटके न सिर्फ लेयते बल्कि सेंट्रल विसायस (Central Visayas) क्षेत्र में भी महसूस किए गए। हालांकि, फिलहाल किसी तरह के जानमाल के नुकसान या बड़े ढांचागत क्षति की खबर नहीं है। इसके बावजूद प्रशासन ने एहतियात के तौर पर आपदा प्रबंधन टीमों को सतर्क कर दिया है और भूकंप के बाद संभावित आफ्टरशॉक्स (Aftershocks) की निगरानी शुरू कर दी है।
जांच और राहत की तैयारियां तेज
फिलीपींस के राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDRRMC) ने बताया कि प्रभावित इलाकों में इमारतों, पुलों और बिजली वितरण लाइनों की जांच के लिए टीमें भेजी गई हैं। कुछ स्थानों पर अस्थायी रूप से बिजली आपूर्ति बंद की गई ताकि सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। वहीं, स्थानीय निवासियों को खुले इलाकों में रहने और पुराने या क्षतिग्रस्त भवनों से दूर रहने की सलाह दी गई है।
10 अक्टूबर के 7.6 तीव्रता वाले भूकंप के बाद नया झटका
यह ताजा झटका उस समय आया है जब देश अभी भी 10 अक्टूबर को मिंदानाओ (Mindanao) क्षेत्र में आए 7.6 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप से उबर नहीं पाया है। उस भूकंप के कारण कई घर ध्वस्त हुए थे और सैकड़ों लोग बेघर हो गए थे। फिलीपींस के मौसम विज्ञान और भूगर्भ संस्थान (Phivolcs) ने बताया कि उस घटना के बाद से अब तक 50 से अधिक छोटे झटके (tremors) दर्ज किए जा चुके हैं।
भूकंपीय गतिविधियों का कारण: रिंग ऑफ फायर
फिलीपींस दुनिया के सबसे भूकंप-संवेदनशील देशों में से एक है क्योंकि यह प्रशांत महासागर के “रिंग ऑफ फायर” (Ring of Fire) में स्थित है — यह वह इलाका है जहां कई टेक्टोनिक प्लेटें (tectonic plates) एक-दूसरे से टकराती और खिसकती हैं। वैज्ञानिकों का कहना है कि फिलीपींस की भूगर्भीय स्थिति ऐसी है कि यहां लगभग हर सप्ताह छोटे-बड़े भूकंप महसूस किए जाते हैं।
पहले भी भारी तबाही झेल चुका है देश
पिछले महीने सेबू (Cebu) द्वीप के पास आए 6.9 तीव्रता के भूकंप में 70 से अधिक लोगों की जान चली गई थी और सैकड़ों इमारतें क्षतिग्रस्त हो गई थीं। वहीं, 2021 में बोहोल (Bohol) क्षेत्र में आए 7.2 तीव्रता के झटकों ने कई ऐतिहासिक संरचनाओं को पूरी तरह तबाह कर दिया था।

