पटना: जन सुराज पार्टी के संस्थापक और चुनावी रणनीतिकार से नेता बने प्रशांत किशोर ने पहली बार चुनावी मैदान में उतरते हुए अपने नामांकन पत्र के साथ दाखिल हलफनामे में अपनी शैक्षणिक योग्यता का भी खुलासा किया है। हलफनामे के अनुसार, उनकी शिक्षा बिहार के बक्सर से शुरू हुई और बाद में उन्होंने फ्रांस से उच्च शिक्षा प्राप्त की।
चुनावी हलफनामे में दी गई जानकारी के मुताबिक, प्रशांत किशोर ने बिहार के बक्सर से मैट्रिक (माध्यमिक) शिक्षा पूरी की। इसके बाद उन्होंने फ्रांस के एक संस्थान से फ्रेंच भाषा में डिग्री हासिल की। यही शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें आगे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काम करने का अवसर भी दिलाती है।
राजनीति में आने से पहले प्रशांत किशोर ने संयुक्त राष्ट्र (UN) से जुड़े सार्वजनिक स्वास्थ्य कार्यक्रमों में भी काम किया। बाद में वे भारत के प्रमुख चुनावी रणनीतिकार के रूप में उभरे और कई राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय दलों के लिए चुनावी रणनीति तैयार की।
हाल ही में दाखिल चुनावी हलफनामे में उन्होंने अपनी शैक्षणिक योग्यता के साथ-साथ चल और अचल संपत्तियों, आय, देनदारियों और अन्य कानूनी जानकारियों का भी उल्लेख किया है। हलफनामे के अनुसार, उन्होंने अपनी और अपनी पत्नी की संपत्तियों का पूरा विवरण भी चुनाव आयोग के समक्ष प्रस्तुत किया है।
प्रशांत किशोर का यह हलफनामा उनके राजनीतिक जीवन के साथ-साथ उनकी शैक्षणिक और पेशेवर पृष्ठभूमि की भी स्पष्ट तस्वीर सामने रखता है। चुनावी दस्तावेजों में दी गई जानकारी अब सार्वजनिक रिकॉर्ड का हिस्सा है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

