किसान मोर्चा (उगराहां) के आह्वान पर शुक्रवार को चंडीगढ़ में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया, जिसने पूरे शहर की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। भारत-अमेरिका व्यापार समझौते और नई लैंड पूलिंग नीति के खिलाफ बड़ी संख्या में जुटे किसानों ने सेक्टर-34 के प्रदर्शनी ग्राउंड से मटका चौक तक विशाल विरोध मार्च निकाला।
लाइफ लाइन पर रेंगते नजर आए वाहन
इस प्रदर्शन का सबसे बड़ा असर चंडीगढ़ की लाइफ लाइन कहे जाने वाले सबसे व्यस्त ‘मध्य मार्ग’ पर देखने को मिला। मार्च के कारण यहाँ करीब दो घंटे तक भयंकर जाम लगा रहा।
सड़कों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे दफ्तरों, स्कूलों और अन्य कामों के लिए निकले हजारों लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। प्रशासन को भी यातायात बहाल करने में खासी मशक्कत करनी पड़ी।
मांगें न मानने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी
प्रदर्शन के दौरान किसान नेताओं ने केंद्र और स्थानीय सरकार की नीतियों के प्रति गहरा रोष व्यक्त किया। किसानों का कहना है कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौता और नई लैंड पूलिंग नीति पूरी तरह से किसान विरोधी हैं। उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगें जल्द नहीं मानीं, तो आने वाले दिनों में इस आंदोलन को और तेज किया जाएगा।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

