शासन से जिले को 40. 82 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य मिला है। इसको लेकर जिलाधिकारी ने रविवार को पर्यावरण संरक्षण, पौधरोपण व गंगा स्वच्छता से संबंधित कराए जा रहे कार्यों की समीक्षा की।
इसमें उन्होंने कहा कि जिन विभागों ने पौधरोपण के लिए अभी तक गड्ढे नहीं कराए हैं, वह 30 मई तक गड्ढे कराकर सूचना उपलब्ध करा दें। गंगा घाटों पर नाव चलाने वाले नाविक, गोताखोर व दुकानदारों का जल्द पंजीकरण कराकर उनका सत्यापन किया जाए।
जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिला वन अधिकारी राजीव कुमार ने बताया कि जिले में 40,82,488 पौधों को लगाने का लक्ष्य मिला है। इसमें 21 लाख पौधे वन विभाग और 19,82,488 पौधे अन्य विभागों की ओर से लगाए जाएंगे।
जिलाधिकारी ने कहा कि पौधरोपण के लिए सभी अधिकारी 30 मई तक गड्ढे करा लें। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। डीएम ने निर्देश दिए कि गंगा में गिरने वाले नालों को एसटीपी से जोड़ा जाए। इसके लिए उन्होंने बीबीगंज नाला के लिए पंपिंग स्टेशन और सोताबहादुर के नालों को भैरोघाट बने एसटीपी से जोड़ने के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए।
गंगा घाटों के नाविकों, गोताखोर, पंडा- पुजारी व दुकानदारों का पंजीकरण जल्द कराया जाए। जिनका पंजीकरण हो रहा है, उनका पुलिस विभाग से सत्यापन जरूर कराया जाए। जैव चिकित्सा अपशिष्ट प्रबंधन के नियमों का अस्पताल संचालकों को पालन करना अनिवार्य है। इस दौरान सीडीओ विनोद कुमार गौड़, परियोजना निदेशक ग्राम्य विकास अभिकरण कपिल कुमार समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।


