आयुष निदेशक एवं जेएंडके मेडिसिनल प्लांट्स बोर्ड के सीईओ डॉ. अजय कुमार टिक्कू ने इस स्वीकृति को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताते हुए कहा कि यह पहल शिक्षा को पारंपरिक ज्ञान प्रणालियों से जोड़ने की दिशा में एक दूरदर्शी कदम है। उन्होंने विश्वास जताया कि ये हर्बल गार्डन अनुभवात्मक शिक्षा के केंद्र बनेंगे और छात्रों को प्रकृति व स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करेंगे।