एपस्टीन फाइल्स में पीएम मोदी का नाम, विदेश मंत्रालय ने किया सिरे से खारिज
अमेरिकी जस्टिस डिपार्टमेंट ने शुक्रवार, 30 जनवरी को अपराधी जेफरी एपस्टीन से जुड़े 30 लाख से अधिक पन्नों के डॉक्यूमेंट्स सार्वजनिक किए। इन दस्तावेजों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम आने की खबरों को भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) ने तुरंत ही खारिज कर दिया।
विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि इन ईमेल्स में बताए गए किसी भी गलत काम का कोई आधार नहीं है। मंत्रालय ने इन्हें एक अपराधी की मनगढ़ंत बातें बताते हुए पूरी तरह से नकार दिया।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, “हमने तथाकथित एपस्टीन फाइल्स से एक ईमेल संदेश की रिपोर्ट देखी है जिसमें प्रधानमंत्री और उनकी इजरायल यात्रा का जिक्र है।” उन्होंने आगे कहा कि जुलाई 2017 में प्रधानमंत्री की इजरायल की आधिकारिक यात्रा के तथ्य के अलावा, ईमेल में बाकी सभी बातें एक दोषी अपराधी की बकवास हैं, जिन्हें पूरी तरह से नजरअंदाज कर देना चाहिए।
भारत सरकार का यह रुख साफ करता है कि एपस्टीन फाइल्स में प्रधानमंत्री के नाम का उल्लेख निराधार है और इसे किसी भी तरह से गंभीरता से नहीं लिया जाना चाहिए।


