राणा बलाचौरिया की पिस्टल चुराने वाले की पहचान, आखिरी निशानी सोने का कड़ा और चेन ले जाने वाले की तलाश

15 दिसंबर की शाम सोहाना में कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान हुए कबड्डी खिलाड़ी और प्रमोटर कंवर दिग्विजय राणा बलाचौरिया की हत्या मामले में नया मोड़ आया है। पुलिस ने राणा की45 बोर की लाइसेंसी पिस्टल चोरी करने वाले व्यक्ति की पहचान कर ली है। यह व्यक्ति निहंग सिंह के वेश में था और बठिंडा के मलोट क्षेत्र से संबंधित है। वहीं, 10 तोले की सोने की चेन और पांच तोले का सोने का कड़ा चुराने वाले की तलाश है।

पुलिस जांच के अनुसार, घटना के बाद जब राणा को अस्पताल ले जाया जा रहा था, तो एक प्रबंधक ने उनकी जेब से पिस्टल और आईफोन निकालकर अपनी कमर में रखा। ताकि पुलिस को सौंप सके। इसी दौरान निहंग सिंह के वेश में आया एक व्यक्ति खुद को राणा का साथी बताते हुए प्रबंधक की कमर से पिस्तौल निकालकर फरार हो गया।

मौके पर हालात नाजुक होने के कारण प्रबंधक उसकी पहचान नहीं कर सका। मोहाली पुलिस आरोपित के गांव तक पहुंच चुकी है और उसके परिवार से भी बातचीत की गई है। हालांकि, आरोपित फिलहाल मोहाली में ही छिपा हुआ बताया जा रहा है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही उसे गिरफ्तार कर पिस्टल बरामद कर लिया जाएगा।

वहीं, टूर्नामेंट के मुख्य आयोजक रूपा सोहाना (गायक मनकीरत औलख के करीबी) ने मीडिया के माध्यम से अपील की है कि राणा की 10 तोले की सोने की चेन और पांच तोले का सोने का कड़ा चोरी करने वाला व्यक्ति इन्हें गुप्त रूप से वापस कर दे। उन्होंने कहा कि वह बदले में उस व्यक्ति को सोने की कीमत के बराबर पैसे देने को तैयार हैं। ताकि राणा के माता-‑पिता को उनके बेटे की अंतिम निशानी मिल सके।

रूपा ने चेतावनी भी दी कि यदि पुलिस ने उसे पकड़ लिया तो फिर कोई मदद नहीं की जा सकेगी। गौरतलब है कि राणा के पिता ने आरोप लगाया था कि घर से निकलते समय राणा ने सोने की चेन, कड़ा और पिस्तौल साथ लिया था, जो घटना के बाद गायब हो गए। पुलिस जांच ने अब इन आरोपों की पुष्टि कर दी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *