पटना के फुलवारी शरीफ प्रखंड के पुनपुन नदी किनारे बसे कुरा नवादा गांव में रात के अंधेरे में रिंग बांध टूट गया और देखते ही देखते नदी का पानी गांव में घुसने लगा।
घरों और रास्तों पर पानी फैलते ही ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई। ग्रामीणों का आरोप है कि समय रहते बांध की मरम्मत करा दी जाती तो यह नौबत नहीं आती। प्रशासनिक लापरवाही से पूरा गांव बाढ़ की चपेट में आ गया।
ग्रामीणों का कहना था कि कई दिनों से बांध में रिसाव हो रहा था। इसकी शिकायत संबंधित अधिकारियों से लगातार की जा रही थी, लेकिन किसी ने गंभीरता से नहीं लिया। ग्रामीणों की शिकायत पर समय रहते कार्रवाई होती तो बांध टूटने से रोका जा सकता था।
जेई को बंधक बनाए जाने की सूचना मिलते ही रात करीब तीन बजे परसा बाजार थानाध्यक्ष मेनका रानी पुलिस बल के साथ कुरा नवादा पहुंचीं।
पुलिस ने ग्रामीणों को समझाकर शांत कराया और काफी प्रयास के बाद जेई को बंधक से मुक्त कराया। इसके बाद ग्रामीणों को आश्वासन दिया गया कि टूटे रिंग बांध की मरम्मत का काम सुबह होते ही शुरू करा दिया जाएगा।
लापरवाही का खामियाजा भुगत रहा गांव
ग्रामीणों में प्रशासन के प्रति भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि बांध में रिसाव की सूचना समय रहते मिलने के बावजूद विभाग ने स्थायी समाधान नहीं किया।
ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि जब बांध टूटने के बाद विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंच सकते हैं तो रिसाव की शिकायत मिलने के बाद मरम्मत क्यों नहीं कराई गई। ग्रामीणों ने बांध की तत्काल मजबूत मरम्मत कराने और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

