तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने सोमवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं से कहा कि वे BRS अध्यक्ष और विपक्ष के नेता के. चंद्रशेखर राव के खिलाफ सड़कों पर उतरें और उनके इस्तीफे की मांग करें। रेड्डी ने केसीआर के 1,000 दिनों तक अपने फार्महाउस में बंद रहने का मुद्दा उठाया।
रेड्डी ने कहा कि कांग्रेस सरकार 1 सितंबर को सत्ता में 1,000 दिन पूरे कर लेगी। उन्होंने दावा किया कि पिछली BRS सरकार से 8 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का कर्ज विरासत में मिलने के बावजूद, उनकी सरकार तेलंगाना को बर्बादी से विकास की ओर ले जा रही है।
रेड्डी ने KCR की गैर-मौजूदगी की बताई कीमत
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, रेड्डी ने KCR की गैर-मौजूदगी की कीमत भी बताई। उन्होंने दावा किया कि पूर्व मुख्यमंत्री ने पिछले 1,000 दिनों में सैलरी के तौर पर 1.24 करोड़ रुपये लिए, जबकि सरकार ने उनकी सुरक्षा, बुलेट-प्रूफ गाड़ियों और दूसरी सुविधाओं पर 21 करोड़ रुपये खर्च किए।
रेड्डी ने कहा, ‘इसका मतलब है कि KCR ने 1,000 दिनों में सरकार के 22,24,40,000 रुपये खर्च करवा दिए।” उन्होंने पूछा कि क्या राव ने गरीबों, महिलाओं, छात्रों, किसानों, दलितों और आदिवासियों की समस्याओं के लिए एक दिन भी दिया है।
केसीआर पर तंज कसते हुए रेवंत रेड्डी ने कहा कि उन्होंने अपने 1,000 दिनों के कार्यकाल में एक घंटे के लिए भी छुट्टी नहीं ली। उन्होंने सवाल किया कि क्या KCR ने इसी दौरान लोगों की समस्याओं को सुलझाने में एक घंटा भी बिताया है।
‘नंदी और पांडी’ का फर्क
इसके बाद मुख्यमंत्री ने तेलुगु भाषा की एक रंगीन मिसाल देते हुए कहा कि उनके और KCR के बीच का अंतर ‘नंदी’ (भगवान शिव का पवित्र बैल) और ‘पांडी’ (सूअर) जैसा है। उन्होंने पूछा कि आपकी तुलना मुझसे कैसे की जा सकती है?
रेड्डी ने यह भी सवाल किया कि विपक्ष का कोई नेता 1,000 दिनों तक फार्महाउस में कैसे बंद रह सकता है। उन्होंने KCR को चुनौती दी कि वे विधानसभा आएं और 7 सितंबर से शुरू होने वाले मॉनसून सत्र में हिस्सा लें।
रेड्डी ने पूछा कि क्या देश में विपक्ष का कोई और नेता है जो 1,000 दिनों तक अपने फार्महाउस से बाहर नहीं निकला?

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

