लखनऊ: ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने उत्तर प्रदेश वक्फ बोर्ड में कथित वित्तीय अनियमितताओं को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि वक्फ बोर्ड में कथित तौर पर ऐसा हेरफेर हुआ है, जो उनके अनुसार राम मंदिर के चढ़ावे से जुड़े कथित विवाद से भी बड़ा मामला हो सकता है।
मौलाना रजवी ने मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में वक्फ बोर्ड के वित्तीय लेनदेन और संपत्तियों के प्रबंधन की निष्पक्ष जांच कराने की अपील की है। उनका कहना है कि यदि आरोपों में सच्चाई है तो दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए, ताकि वक्फ संपत्तियों और धन का पारदर्शी तरीके से उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
उन्होंने यह भी कहा कि धार्मिक और सार्वजनिक संस्थाओं से जुड़े मामलों में पारदर्शिता और जवाबदेही बनाए रखना बेहद जरूरी है। उनके मुताबिक, किसी भी तरह की वित्तीय गड़बड़ी सामने आने पर निष्पक्ष जांच कर दोषियों को कानून के दायरे में लाना चाहिए।
फिलहाल, मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से इस पत्र पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। वहीं, वक्फ बोर्ड की ओर से भी मौलाना रजवी के आरोपों पर सार्वजनिक बयान जारी नहीं किया गया है।
यह मामला सामने आने के बाद राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, मौलाना रजवी द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और मामले की आधिकारिक जांच या निष्कर्ष अभी सामने आना बाकी है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

